राष्ट्रीय कृषि विकास योजना : छत्तीसगढ़ को मिलेंगे 263 करोड़ रूपए
मुख्य सचिव की अध्यक्षता में राज्य स्तरीय स्वीकृति समिति की बैठक सम्पन्न
रायपुर, 18 अप्रैल 2011
राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत छत्तीसगढ़ को चालू वित्तीय वर्ष 2011-12 में 263 करोड़ 42 लाख रूपए मिलेंगे। मुख्य सचिव श्री पी.जॉय उम्मेन की अध्यक्षता में यहां मंत्रालय में आयोजित राज्य
स्तरीय स्वीकृति समिति की बैठक आयोजित हुयी। बैठक में कृषि, उद्यानिकी, पशुधन विकास, मत्स्य पालन, बीज निगम, मंडी बोर्ड और इंदिरागांधी कृषि विश्वविद्यालय की 263 करोड़ 42 लाख रूपए की प्रस्तावित कार्य-योजना का अनुमोदन किया गया। इस अवसर कृषि मंत्रालय भारत सरकार नई दिल्ली के अतिरिक्त सचिव श्री जी.सी.पति और केन्द्रीय योजना आयोग के सलाहकार डॉ. ए. के. तिवारी भी उपस्थिति थे।
राज्य स्तरीय स्वीकृति समिति की बैठक में चालू वित्तीय वर्ष 2011-12 के लिए प्रदेष के लिए प्रस्तावित कार्य-योजना में कृषि विभाग के लिए 128 करोड़ 26 लाख रूपए, उद्यानिकी विभाग के लिए 50 करोड़ रूपए, पशुधन विकास के लिए 20 करोड़ 73 लाख रूपए, मछली पालन के लिए 16 करोड़ 69 लाख रूपए, छत्तीसगढ़ राज्य कृषि एवं बीज विकास निगम के लिए 20 करोड़ 06 लाख रूपए, छत्तीसगढ़ राज्य विपणन (मंडी) बोर्ड के लिए 5 करोड़ 67 लाख रूपए और इंदिरागांधी कृषि विश्वविद्यालय रायपुर के लिए 20 करोड़ रूपए की कार्ययोजना शामिल है। कृषि और संबंधित विभाग के अधिकारियों द्वारा बैठक में कम्प्यूटर आधारित प्रस्तुतिकरण के जरिए योजनावार जानकारी प्रस्तुत की गयी। समिति द्वारा चर्चा के उपरांत कृषि एवं संबंधित विभागों की कार्य-योजना को अनुमोदित किया गया।
बैठक में पिछले वित्तीय वर्ष 2010-11 में राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत प्रदेष में कृषि एवं अन्य विभागों को स्वीकृत परियोजनाओं के लिए प्राप्त आवंटन और व्यय की समीक्षा की गयी साथ ही अतिरिक्त राषि और स्वीकृत परियोजनाओं में संषोधन के लिए प्रस्तुत प्रस्तावों पर चर्चा कर उन्हें अनुमोदित किया गया। बैठक में प्रमुख सचिव एवं कृषि उत्पादन आयुक्त श्री डी.एस.मिश्रा, प्रमुख सचिव पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग श्री विवेक ढांड, प्रमुख सचिव जल संसाधन श्री एन. के. असवाल सहित कृषि एवं अन्य विभागों के विभाग प्रमुख और वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
स्तरीय स्वीकृति समिति की बैठक आयोजित हुयी। बैठक में कृषि, उद्यानिकी, पशुधन विकास, मत्स्य पालन, बीज निगम, मंडी बोर्ड और इंदिरागांधी कृषि विश्वविद्यालय की 263 करोड़ 42 लाख रूपए की प्रस्तावित कार्य-योजना का अनुमोदन किया गया। इस अवसर कृषि मंत्रालय भारत सरकार नई दिल्ली के अतिरिक्त सचिव श्री जी.सी.पति और केन्द्रीय योजना आयोग के सलाहकार डॉ. ए. के. तिवारी भी उपस्थिति थे। राज्य स्तरीय स्वीकृति समिति की बैठक में चालू वित्तीय वर्ष 2011-12 के लिए प्रदेष के लिए प्रस्तावित कार्य-योजना में कृषि विभाग के लिए 128 करोड़ 26 लाख रूपए, उद्यानिकी विभाग के लिए 50 करोड़ रूपए, पशुधन विकास के लिए 20 करोड़ 73 लाख रूपए, मछली पालन के लिए 16 करोड़ 69 लाख रूपए, छत्तीसगढ़ राज्य कृषि एवं बीज विकास निगम के लिए 20 करोड़ 06 लाख रूपए, छत्तीसगढ़ राज्य विपणन (मंडी) बोर्ड के लिए 5 करोड़ 67 लाख रूपए और इंदिरागांधी कृषि विश्वविद्यालय रायपुर के लिए 20 करोड़ रूपए की कार्ययोजना शामिल है। कृषि और संबंधित विभाग के अधिकारियों द्वारा बैठक में कम्प्यूटर आधारित प्रस्तुतिकरण के जरिए योजनावार जानकारी प्रस्तुत की गयी। समिति द्वारा चर्चा के उपरांत कृषि एवं संबंधित विभागों की कार्य-योजना को अनुमोदित किया गया।
बैठक में पिछले वित्तीय वर्ष 2010-11 में राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत प्रदेष में कृषि एवं अन्य विभागों को स्वीकृत परियोजनाओं के लिए प्राप्त आवंटन और व्यय की समीक्षा की गयी साथ ही अतिरिक्त राषि और स्वीकृत परियोजनाओं में संषोधन के लिए प्रस्तुत प्रस्तावों पर चर्चा कर उन्हें अनुमोदित किया गया। बैठक में प्रमुख सचिव एवं कृषि उत्पादन आयुक्त श्री डी.एस.मिश्रा, प्रमुख सचिव पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग श्री विवेक ढांड, प्रमुख सचिव जल संसाधन श्री एन. के. असवाल सहित कृषि एवं अन्य विभागों के विभाग प्रमुख और वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
क्रमांक-289/पवन

