शिक्षा से ही खुलता है विकास का रास्ता : कृषि मंत्री श्री साहू
विवेकानंद विद्यापीठ में आयोजित बसंत पंचमी उत्सव में शामिल हुए कृषि मंत्री
रायपुर, 08 फरवरी 2011

शिक्षा से ही विकास का रास्ता खुलता है। शिक्षा और संस्कृति की देवी माँ सरस्वती की कृपा और आशीर्वाद में ही हम सब आज इस मुकाम तक पहुंचे है। कृषि मंत्री श्री चन्द्रशेखर साहू आज यहां विवेकानंद विद्यापीठ में आयोजित बसंत पंचमी उत्सव के अवसर पर बच्चों को संबोधित करते हुए इस आशय के विचार व्यक्त किए। श्री साहू ने बसंत पंचमी के इस पावन पर्व पर सर्वप्रथम माँ सरस्वती के सम्मुख दीप प्रज्जवलित कर पूजा-अर्चना की और माँ सरस्वती से प्रदेशवासियों की सुख-समृध्दि और वैभव का आर्शीवाद मांगा।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कृषि मंत्री श्री साहू ने कहा कि बसंत पंचमी के दिन से शरद ऋतु की विदाई के साथ ही प्राणियों और पेड़-पौधों में नवजीवन का संचार होता है। ऐसा माना जाता है कि बंसत पंचमी के दिन विद्या की देवी मॉ सरस्वती का अवतार हुआ है। श्री साहू ने कहा कि व्यक्ति जीवन पर्यन्त कुछ न कुछ सीखता रहता है। समय के साथ तकनीक और संसाधन जरूर परिवर्तित हुए है, परंतु सभी का मुख्य उद्देश्य विद्याध्ययन कर अपना और अपने समाज का विकास करना होता है। इसके लिए मॉ सरस्वती की कृपा आवश्यक है। कृषि मंत्री श्री साहू ने आदिम जाति एवं अनुसूचित जाति वर्ग के विद्यार्थियों के लिए नि:शुल्क आवासीय विद्याध्ययन की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए विवेकानंद विद्यापीठ की सराहना करते हुए संस्थान की निरंतर उन्नति के लिए अपनी शुभकामनाएं दी। इस मौके पर संस्थान के सचिव डॉ. ओमप्रकाश वर्मा ने मॉ सरस्वती के विभिन्न नामों और रूपों पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए बंसत पंचमी उत्सव के आयोजन के संबंध में जानकारी दी। संस्था के प्राचार्य श्री एच.डी. प्रसाद ने रायपुर में सन् 1994 में विवेकानंद विद्यापीठ की स्थापना से अब तक की प्रगति का उल्लेख करते हुए संस्थान की विभिन्न गतिविधियों के बारे में बताया। उन्होंने बताया कि वर्तमान में इस संस्थान में कक्षा तीसरी से बारहवी तक कुल 450 आदिम जाति एवं अनुसूचित जाति वर्ग के छात्र अध्ययनरत है। जिन्हें निर्धारित पाठयक्रम की शिक्षा के साथ ही कम्प्यूटर, अंग्रेजी, संगीत, खेलकूद और विभिन्न कलाओं का विशेष प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि संस्थान के बच्चों की लगन और कड़ी मेहनत के फलस्वरूप यहॉ के बच्चे न केवल परीक्षाओं में अच्छे अंको से उत्तीर्ण हुए है बल्कि खेल स्पर्धाओं में भी राष्ट्रीय स्तर पर अपना और अपने प्रदेश का नाम रोशन किया है। इस अवसर पर संस्थान के बच्चों द्वारा मॉ सरस्वती की वंदना और भजन की आकर्षक और मनोहारी प्रस्तुति दी गई जिसे सुनकर उपस्थितजन भावविभोर हो उठे।

