नक्सली नहीं हैं गरीबों के हितैषी : डॉ. रमन सिंह
मुख्यमंत्री ने की सीआरपीएफ शिविर पर नक्सल हमले की निन्दा
रायपुर, 11 जून 2011
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने आज दक्षिण बस्तर (दंतेवाड़ा) जिले के ग्राम भेज्जी में नक्सलियों द्वारा केन्द्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के शिविर पर किए गए हमले की तीव्र निन्दा की है। डॉ. सिंह ने इस हमले को नक्सलियों की कायरतापूर्ण हरकत बताया है और इसमें शहीद हुए पुलिस जवानों के परिवारजनों के प्रति अपनी गहरी संवेदना और सहानुभूति प्रकट की है। उन्होंने घायल जवानों के जल्द स्वास्थ्य लाभ की भी कामना की है। मुख्यमंत्री ने कहा है कि छत्तीसगढ़ सरकार अपने पुलिस बल और केन्द्रीय सुरक्षा बलों के परस्पर समन्वय और सहयोग से बस्तर अंचल को नक्सल हिंसा और आतंक से मुक्त करने के लिए अपना संयुक्त अभियान लगातार जारी रखेगी। डॉ. रमन सिंह ने कहा कि नक्सलियों द्वारा बस्तर अंचल में की जा रही हिंसक वारदात से यह साबित हो गया है कि वे इस आदिवासी बहुल क्षेत्र की गरीब जनता के जरा भी हितैषी नहीं है और बस्तरवासियों के जीवन में शांति और खुशहाली कतई नहीं चाहते, जबकि वहां अमन-चैन की स्थापना के साथ-साथ जनता की बेहतरी के लिए राज्य सरकार अपनी विभिन्न जन-कल्याणकारी योजनाओं का समुचित लाभ वहां की गरीब जनता तक पहुंचाने के लिए वचनबध्द है। बस्तर संभाग के गरीबों को कुपोषण से बचाने के लिए प्रदेश सरकार ने मात्र पांच रूपए प्रति किलो की दर से पौष्टिक चना वितरण का कार्य शुरू किया है। प्रदेश के अन्य गरीब परिवारों की तरह वहां के गरीबों को भी मात्र एक रूपए और दो रूपए किलो में हर महीने 35 किलो अनाज और दो किलो नि:शुल्क नमक दिया जा रहा है।

