वैज्ञानिक आविष्कारों को भी मीडिया में मिलना चाहिए पर्याप्त स्थान : डॉ. रमन सिंह
देश का दूसरा स्टेमसेल लैब छत्तीसगढ़ की राजधानी में खुला
रायपुर, 09 अप्रैल 2011

मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने कहा है कि मानवता के कल्याण के लिए भारत सहित दुनिया भर में ज्ञान- विज्ञान के क्षेत्र में हो रहे अनुसंधानों और आविष्कारों को भी मीडिया में पर्याप्त स्थान मिलना चाहिए। मुख्यमंत्री यहां अपने निवास पर इंटरनेट आधारित अखिल भारतीय स्तर के समाचार अभिकरण 'राष्ट्रीय न्यूज सर्विस' के दसवें स्थापना दिवस समारोह को संबोधित कर रहे थे। गृह, जेल और सहकारिता मंत्री श्री ननकीराम कंवर, कृषि और श्रम मंत्री श्री चंद्रशेखर साहू और संसदीय सचिव श्री विजय बघेल समारोह में विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित थे। डॉ. रमन सिंह ने समारोह में अभिकरण की स्मारिका का भी विमोचन किया।
राजधानी रायपुर के इस समाचार अभिकरण से जुड़े छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से आए पत्रकारों को मुख्यमंत्री ने चैत्र नवरात्रि की बधाई और शुभकामनाएं दी। मुख्य अतिथि की आसंदी से डॉ. रमन सिंह ने उन्हें संबोधित करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ में भी चिकित्सा विज्ञान और कृषि विज्ञान के क्षेत्र में कई अच्छे और सफल प्रयोग हुए है और हो रहे हैं। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) के बाद देश का दूसरा स्टेम सेल लैब छत्तीसगढ़ में राजधानी रायपुर के जवाहर लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में सात करोड़ रूपए की लागत से स्थापित किया गया है, जिसमें नवजात शिशु की गर्भनाल का इस्तेमाल सिकलसेल, कैंसर, मधुमेह और अन्य कई जटिल तथा अनुवांशिक बीमारियों के इलाज के लिए किया जा सकेगा। आग से झुलसी त्वचा का भी इसके जरिए इलाज हो सकेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह छत्तीसगढ़ में चिकित्सा विज्ञान के क्षेत्र में एक इतनी बड़ी और क्रांतिकारी उपलब्धि है कि इसका राष्ट्रीय स्तर पर भी व्यापक प्रचार मीडिया के जरिए होना चाहिए, ताकि छत्तीसगढ़ सहित देश के दूसरों राज्यों के जरूरतमंद लोगों को भी इस सुविधा का लाभ मिल सके। इसी तरह हमारे यहां के इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय में भी खेती -किसानी की बेहतरी के लिए कई प्रयोग और अनुसंधान हो रहे हैं।
सूचना प्रौद्योगिकी का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आज दुनिया भर की सूचनाएं इंटरनेट और कम्प्यूटर से होते हुए सेल-फोन और आईपॉड की छोटी सी डिबिया में समा गयी है। संचार क्रांति ने इस विशाल दुनिया की आबादी को भावनात्मक रूप से एक-दूसरे के बहुत करीब पहुंचा दिया है। समाचार पत्रों और समाचार एजेंसियों के लिए इंटरनेट वास्तव में काफी उपयोगी और मददगार साबित हुआ है। इसके जरिए दूर-दराज के गांवों, विकासखंड और जिला मुख्यालयों से लेकर देश और प्रदेश की राजधानी ही नहीं, बल्कि दुनिया के विभिन्न देशों के समाचार कुछ ही मिनटों में प्राप्त हो जाते हैं। नैनो टेक्नॉलाजी से अब आने वाले समय में किसी एक इंसान की सैकड़ों हजारों सजीव प्रतिकृतियां तैयार हो सकेंगी। इसके साथ ही यह नैनो टेक्नॉलाजी कई गंभीर बीमारियों के आसान इलाज में भी सहायक होगी। मुख्यमंत्री ने मीडिया से यह भी आग्रह किया कि आम जनता की बेहतरी के लिए सरकार की ओर से संचालित विभिन्न योजनाओं के बारे में भी वे अपने स्तर पर दिलचस्पी लेकर उनका अवलोकन करते हुए समाचार प्रकाशित करें ताकि जरूरमंद लोग इन योजनाओं का फायदा ले सकें। मुख्यमंत्री ने छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर से संचालित और इंटरनेट आधारित राष्ट्रीय स्तर की इस समाचार एजेंसी के दसवें स्थापना दिवस पर इसके सभी पदाधिकारियों, पत्रकारों और कर्मचारियों को बधाई और शुभकामनाएं दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि लिखे हुए शब्दों और वाक्यों का दस्तावेज बनता है, जो आगे चलकर इतिहास के रूप में संरक्षित हो जाता है। इसलिए पत्रकारों सहित लेखन से जुड़े सभी लोगों को अपनी भावी पीढ़ियों का ध्यान रखकर लिखते समय काफी सतर्कता बरतनी चाहिए, क्योंकि उनके द्वारा जो भी लिखा जाएगा, वह भविष्य के लिए एक अभिलेख के रूप में होगा। आने वाली पीढ़ियां उन्हीं अभिलेखों के आधार पर हमारे आज के समय का मूल्यांकन करेंगी। डॉ. रमन सिंह ने कहा कि पत्रकारिता और लेखन से जुड़े प्रत्येक व्यक्ति को अपने स्थानीय जन-जीवन और वहां के इतिहास की भी अधिक से अधिक जानकारी प्राप्त करनी चाहिए। इसके लिए उन्हें हमेशा कुछ न कुछ अध्ययन करते रहना चाहिए।
इस अवसर पर समाचार अभिकरण के प्रबंध निदेशक श्री राजेन्द्र शुक्ला ने स्वागत भाषण दिया। कार्यक्रम का संचालन श्री एच.एस. ठाकुर ने किया। मुख्यमंत्री ने समारोह में विश्वकप क्रिकेट प्रतियोगिता की रिपोर्टिंग के लिए चयनित राष्ट्रीय न्यूज सर्विस के प्रतिनिधि श्री अशोक कुशवाह को संस्था की ओर से स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया।
राजधानी रायपुर के इस समाचार अभिकरण से जुड़े छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से आए पत्रकारों को मुख्यमंत्री ने चैत्र नवरात्रि की बधाई और शुभकामनाएं दी। मुख्य अतिथि की आसंदी से डॉ. रमन सिंह ने उन्हें संबोधित करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ में भी चिकित्सा विज्ञान और कृषि विज्ञान के क्षेत्र में कई अच्छे और सफल प्रयोग हुए है और हो रहे हैं। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) के बाद देश का दूसरा स्टेम सेल लैब छत्तीसगढ़ में राजधानी रायपुर के जवाहर लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में सात करोड़ रूपए की लागत से स्थापित किया गया है, जिसमें नवजात शिशु की गर्भनाल का इस्तेमाल सिकलसेल, कैंसर, मधुमेह और अन्य कई जटिल तथा अनुवांशिक बीमारियों के इलाज के लिए किया जा सकेगा। आग से झुलसी त्वचा का भी इसके जरिए इलाज हो सकेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह छत्तीसगढ़ में चिकित्सा विज्ञान के क्षेत्र में एक इतनी बड़ी और क्रांतिकारी उपलब्धि है कि इसका राष्ट्रीय स्तर पर भी व्यापक प्रचार मीडिया के जरिए होना चाहिए, ताकि छत्तीसगढ़ सहित देश के दूसरों राज्यों के जरूरतमंद लोगों को भी इस सुविधा का लाभ मिल सके। इसी तरह हमारे यहां के इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय में भी खेती -किसानी की बेहतरी के लिए कई प्रयोग और अनुसंधान हो रहे हैं।
सूचना प्रौद्योगिकी का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आज दुनिया भर की सूचनाएं इंटरनेट और कम्प्यूटर से होते हुए सेल-फोन और आईपॉड की छोटी सी डिबिया में समा गयी है। संचार क्रांति ने इस विशाल दुनिया की आबादी को भावनात्मक रूप से एक-दूसरे के बहुत करीब पहुंचा दिया है। समाचार पत्रों और समाचार एजेंसियों के लिए इंटरनेट वास्तव में काफी उपयोगी और मददगार साबित हुआ है। इसके जरिए दूर-दराज के गांवों, विकासखंड और जिला मुख्यालयों से लेकर देश और प्रदेश की राजधानी ही नहीं, बल्कि दुनिया के विभिन्न देशों के समाचार कुछ ही मिनटों में प्राप्त हो जाते हैं। नैनो टेक्नॉलाजी से अब आने वाले समय में किसी एक इंसान की सैकड़ों हजारों सजीव प्रतिकृतियां तैयार हो सकेंगी। इसके साथ ही यह नैनो टेक्नॉलाजी कई गंभीर बीमारियों के आसान इलाज में भी सहायक होगी। मुख्यमंत्री ने मीडिया से यह भी आग्रह किया कि आम जनता की बेहतरी के लिए सरकार की ओर से संचालित विभिन्न योजनाओं के बारे में भी वे अपने स्तर पर दिलचस्पी लेकर उनका अवलोकन करते हुए समाचार प्रकाशित करें ताकि जरूरमंद लोग इन योजनाओं का फायदा ले सकें। मुख्यमंत्री ने छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर से संचालित और इंटरनेट आधारित राष्ट्रीय स्तर की इस समाचार एजेंसी के दसवें स्थापना दिवस पर इसके सभी पदाधिकारियों, पत्रकारों और कर्मचारियों को बधाई और शुभकामनाएं दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि लिखे हुए शब्दों और वाक्यों का दस्तावेज बनता है, जो आगे चलकर इतिहास के रूप में संरक्षित हो जाता है। इसलिए पत्रकारों सहित लेखन से जुड़े सभी लोगों को अपनी भावी पीढ़ियों का ध्यान रखकर लिखते समय काफी सतर्कता बरतनी चाहिए, क्योंकि उनके द्वारा जो भी लिखा जाएगा, वह भविष्य के लिए एक अभिलेख के रूप में होगा। आने वाली पीढ़ियां उन्हीं अभिलेखों के आधार पर हमारे आज के समय का मूल्यांकन करेंगी। डॉ. रमन सिंह ने कहा कि पत्रकारिता और लेखन से जुड़े प्रत्येक व्यक्ति को अपने स्थानीय जन-जीवन और वहां के इतिहास की भी अधिक से अधिक जानकारी प्राप्त करनी चाहिए। इसके लिए उन्हें हमेशा कुछ न कुछ अध्ययन करते रहना चाहिए।
इस अवसर पर समाचार अभिकरण के प्रबंध निदेशक श्री राजेन्द्र शुक्ला ने स्वागत भाषण दिया। कार्यक्रम का संचालन श्री एच.एस. ठाकुर ने किया। मुख्यमंत्री ने समारोह में विश्वकप क्रिकेट प्रतियोगिता की रिपोर्टिंग के लिए चयनित राष्ट्रीय न्यूज सर्विस के प्रतिनिधि श्री अशोक कुशवाह को संस्था की ओर से स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया।
क्रमांक-161/स्वराज्य

