कुदरत की नाइंसाफी से पीड़ित लक्ष्मी को मुख्यमंत्री दिलाएंगे इंसाफ...
दोनों हाथों से वंचित लक्ष्मी अपने नन्हें पैर से लिखकर हुई बारहवीं पास
अब डी.एड. में प्रवेश लेकर शिक्षिका बनने का इरादा
रायपुर 08 जुलाई 2010

कुदरत ने उनके साथ नाइंसाफी की तो क्या हुआ, अब छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह शिक्षिका बनने के उनके सपने को पूरा करने के लिए हर संभव सहयोग देकर उन्हें इंसाफ दिलाएंगे। डॉ. सिंह से आज सवेरे यहां उनके निवास पर डोंगरगांव विकासखंड के ग्राम तिलईरवार निवासी एक ऐसी बालिका ने मुलाकात की, जो जन्म से ही शारीरिक विकलांगता से पीड़ित है। मुख्यमंत्री लक्ष्मी के साहस और आत्मविश्वास को देखकर दंग रह गए।
श्री आनंद राम साहू की बेटी कुमारी लक्ष्मी साहू की लम्बाई केवल तीन फीट के आस-पास है और उनके दोनों हाथ नहीं है। पैर भी इतने छोटे हैं कि पैरों का होना या नहीं होना एक बराबर है। उसमें भी विडम्बना यह कि एक पांव छोटा और एक उससे कुछ बड़ा है। ऐसी कठिन परिस्थितियों में भी लक्ष्मी ने हिम्मत नहीं हारी। अपने दाहिने पैर का इस्तेमाल हाथ के रूप में करते हुए उन्होंने पहली से बारहवीं तक पढ़ाई पूरी की और मेहनत, लगन और आत्म विश्वास के बल पर पैर से लिखकर सभी सारी परीक्षाएं पास कर ली। लक्ष्मी के साहस और आत्म विश्वास का यह भी एक बड़ा उदाहरण है कि उन्होंने शिक्षिका बनने के लिए इस वर्ष डिप्लोमा-इन-एजुकेशन (डी.एड.) की प्रवेश परीक्षा दी है।
लगभग 18 वर्षीय यह बालिका अपने छोटे भाई रविन्द्र और नाना श्री सुदर्शन साहू के साथ मुख्यमंत्री से मिलने रायपुर आयी थीं। डॉ. रमन सिंह को लक्ष्मी ने आज ‘जनदर्शन’ में आवेदन देकर बताया कि दोनों हाथों की विकलांगता के कारण चूंकि लिखने के लिए वे अपने पैरों का इस्तेमाल करती हैं, इसलिए उनके लिखने की गति सामान्य लोगों की तुलना में कम है। इस वजह से बारहवीं कक्षा की परीक्षा में उनके अंक भी कम हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि वे उन्हें डी.एड. के लिए शासकीय बुनियादी प्रशिक्षण संस्था डोंगरगांव में प्रवेश दिलाने की पहल करें। इसके साथ ही लक्ष्मी ने उन्हें यह भी भरोसा दिलाया कि डी.एड. में प्रवेश के बाद वे अपनी क्षमता से अधिक मेहनत कर उनके विश्वास पर खरा उतरने की कोशिश करेंगी। मुख्यमंत्री ने लक्ष्मी के आत्म विश्वास और जज्बे की प्रशंसा करते हुए उन्हें इस दिशा में हर संभव सहयोग का विश्वास दिलाया।
डॉ. रमन सिंह ने लक्ष्मी के आवेदन पर कलेक्टर राजनांदगांव को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश जारी किए। इसके अलावा उन्होंने लक्ष्मी से कहा कि यदि शासकीय संस्था में किन्हीं कारणों से प्रवेश संभव नहीं होगा, तो उनको किसी निजी प्रशिक्षण संस्थान में प्रवेश दिलाने के लिए पहल जरूर की जाएगी। जनदर्शन में रायपुर जिले के कसडोल विकासखंड के ग्राम पिसीद निवासी नाटे कद की बारहवीं पास बालिका सुमित्रा साहू ने भी मुलाकात की और उन्होंने भी मुख्यमंत्री से डी.एड. में प्रवेश दिलाने के लिए पहल करने का अनुरोध किया। डॉ. रमन सिंह ने उन्हें भी इसके लिए समुचित सहयोग का आश्वासन दिया। जनदर्शन मेें आज रायपुर ग्रामीण के विधायक श्री नंदकुमार साहू और बीजापुर के पूर्व विधायक श्री राजेन्द्र पामभोई सहित अनेक जनप्रतिनिधियों ने भी मुख्यमंत्री से मुलाकात की। इस अवसर पर संसदीय सचिव द्वय श्री कोमल जंघेल और डॉ. सियाराम साहू तथा छत्तीसगढ़ राज्य नागरिक आपूर्ति निगम के अध्यक्ष श्री लीलाराम भोजवानी भी उपस्थित थे।

