सुआ नृत्य छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक पहचान : डॉ. रमन सिंह
रायपुर 14 नवम्बर 2011

मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह आज जिला मुख्यालय दुर्ग में आयोजित सुआ महोत्सव-2011 में शामिल हुए। उन्होंने भारी संख्या में उपस्थित नागरिकों को सम्बोधित करते हुए कहा कि सुआ नृत्य छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक पहचान है। यह मेहनतकश ग्रामीण जन-जीवन की सहज-सरल सांस्कृतिक अभिव्यक्ति का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। यह प्रदेश की नारी शक्ति का एक लोक प्रिय लोक नृत्य और लोक गीत है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की आम जनता की बोलचाल की भाषा छत्तीसगढ़ी एक समृध्द और मीठी भाषा है। मुख्यमंत्री ने सुआ महोत्सव के दूसरे वर्ष के इस आयोजन की प्रशंसा करते हुए कहा कि इसके माध्यम से प्रदेश की लोक संस्कृति को संरक्षित और प्रोत्साहित करने का सराहनीय प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने इसके लिए आयोजकों को बधाई दी। मुख्यमंत्री ने समारोह में दुर्ग जिले की लोक गायिका श्रीमती साधना यादव को आयोजकों की ओर से ताम्र पत्र और इक्कीस हजार रूपए की सम्मान राशि भेंटकर सम्मानित किया। लोकसभा सांसद सुश्री सरोज पाण्डेय ने स्वागत भाषण दिया। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार के महिला और बाल विकास विभाग तथा छत्तीसगढ़ पर्यटन मण्डल के सहयोग से सुआ महोत्सव-2011 का आयोजन किया गया है। कार्यक्रम की अध्यक्षता विधानसभा अध्यक्ष श्री धरमलाल कौशिक ने की। महोत्सव में जल संसाधन मंत्री श्री हेमचंद यादव, महिला और बाल विकास मंत्री सुश्री लता उसेण्डी, संसदीय सचिव श्री विजय बघेल, अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष श्री डोमनलाल कोर्सेवाड़ा, राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष श्रीमती विभा राव, विधायक गुण्डरदेही श्री वीरेन्द्र साहू, उपाध्यक्ष जिला पंचायत श्रीमती संध्या भारद्वाज, पूर्व विधायक श्री प्रीतम साहू और डॉ. बालमुकुन्द देवांगन सहित पूर्व विधायक श्रीमती रमशीला साहू भी विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित थीं।

