नि:शक्त सरकारी कर्मचारियों की समस्याओं पर गंभीरता से होगा विचार : डॉ. रमन सिंह
मुख्यमंत्री से प्रतिनिधि मण्डल की मुलाकात
रायपुर 11 नवम्बर 2010
मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने राज्य के नि:शक्त सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों की विभिन्न समस्याओं पर गंभीरता से और सहानुभूतिपूर्वक विचार करने का वायदा किया है। डॉ. सिंह ने आज सवेरे यहां अपने निवास पर 'जनदर्शन' में बिलासपुर संभाग से आए नि:शक्त शासकीय अधिकारी-कर्मचारी कल्याण संघ के प्रतिनिधि मण्डल को यह आश्वासन दिया। प्रतिनिधि मण्डल ने उन्हें ज्ञापन सौंपकर कहा कि राज्य शासन द्वारा वर्ष 1988 के पहले के दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों को नियमित कर परोपकार का एक बहुत बड़ा कार्य किया है। विगत 15 वर्ष से 25 वर्ष तक सेवारत नि:शक्त कर्मचारियों को भी इसका लाभ मिला है। उन्होंने मुख्यमंत्री से ऐसे नि:शक्त कर्मचारियों को पेंशन की पात्रता दिलाने का अनुरोध किया। प्रतिनिधि मण्डल ने मुख्यमंत्री को आगामी तीन दिसम्बर को अन्तर्राष्ट्रीय विकलांग दिवस के अवसर पर बिलासपुर में जिला प्रशासन के सहयोग से शासकीय नि:शक्त अधिकारी-कर्मचारी कल्याण संघ द्वारा आयोजित किए जाने वाले कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होने का न्यौता दिया। उन्होंने मुख्यमंत्री को बताया कि इस कार्यक्रम में नि:शक्तजनों के लिए प्रमाण पत्र तैयार किए जाएंगे, नि:शक्तजनों और आम नागरिकों द्वारा रक्तदान किया जाएगा और पंचायत समाज कल्याण विभाग के अधिकारी नि:शक्तजनों से संबंधित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देंगे। डॉ. सिंह ने आमंत्रण के लिए आभार व्यक्त करते हुए उन्हें कार्यक्रम की सफलता के लिए अपनी शुभकामनाएं दी। प्रतिनिधि मण्डल ने संघ के अध्यक्ष श्री चिन्तामणि दिक्षित और सचिव श्री निरंकार तिवारी सहित श्री एस.बी. मित्रा और श्री अजय ताम्रकार (रायपुर) भी उपस्थित थे।

