विश्वसनीय छत्तीसगढ़ को मिली एक और पहचान : राष्ट्रीय पुरस्कार के लिए हुआ नि:शक्तजन वित्त निगम का चयन
रायपुर, 28 नवम्बर 2010

मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व में विकास के दशक में नये राज्य को 'विश्वसनीय छत्तीसगढ़' के रूप में एक और बड़ी पहचान मिली है। केन्द्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय द्वारा छत्तीसगढ़ नि:शक्तजन वित्त एवं विकास निगम को नि:शक्तजनों की आर्थिक बेहतरी के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित करने का निर्णय लिया गया है।
मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह को आज रात यहां उनके निवास पर निगम के अध्यक्ष श्री बलिहार सिंह ने सौजन्य मुलाकात में यह जानकारी दी । उन्होंने मुख्यमंत्री को बताया कि नई दिल्ली में आगामी तीन दिसम्बर को आयोजित होने वाले समारोह में राष्ट्रपति श्रीमती प्रतिभा पाटिल द्वारा यह पुरस्कार प्रदान किया जाएगा। पुरस्कार ग्रहण करने श्री बलिहार सिंह स्वयं दिल्ली जाएंगे। डॉ. रमन सिंह ने इस महत्वपूर्ण उपलब्धि के लिए श्री बलिहार सिंह सहित निगम के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को बधाई दी। श्री बलिहार सिंह ने कहा कि डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ नि:शक्तजन वित्त एवं विकास निगम की स्थापना वर्ष 2005 में की गई थी । तब से लेकर अब तक निगम द्वारा राज्य में 813 नि:शक्तजनों को स्वरोजगार के लिए लगभग सात करोड़ 88 लाख रुपए का ऋण दिया जा चुका है।
श्री बलिहार सिंह ने मुख्यमंत्री को यह भी जानकारी दी कि ऋण वितरण के साथ-साथ हितग्राहियों द्वारा उसका समुचित उपयोग सुनिश्चित करने और ऋणों की रिकव्हरी में भी वर्ष 2009 में निगम को मिली उल्लेखनीय सफलता को देखते हुए उसका चयन राष्ट्रीय पुरस्कार के लिए किया गया है। श्री बलिहार सिंह ने बताया कि छत्तीसगढ़ नि:शक्तजन वित्त एवं विकास निगम राज्य सरकार के समाज कल्याण विभाग का एक उपक्रम है। यह निगम राष्ट्रीय नि:शक्तजन वित्त एवं विकास निगम की एजेन्सी के रूप में कार्यरत है।

