लियेंडर पेस ने राज्यपाल से मुलाकात की लगभग दो दशक बाद फिर शुरू हुआ गोंडवाना कप राष्ट्रीय टेनिस टूर्नामेंट:मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने किया शुभारंभ मंत्रिपरिषद की बैठक : छत्तीसगढ़ में गौ हत्या पर अब और अधिक कठोर कारावास हीरानार नल-जल योजना के लिए 19.42 लाख रूपए स्वीकृत ग्राम कुथुर के लिए नल-जल योजना स्वीकृत उर्दू अकादमी में अध्यक्ष-उपाध्यक्ष सहित सदस्यों का मनोनयन मुख्यमंत्री ग्राम उत्कर्ष योजना : अब तक 153.40 करोड़ की लागत के सात हजार से ज्यादा विकास कार्य पूर्ण सक्षम योजना : राज्य की 284 महिलाओं को स्वरोजगार के लिए मिला 1.62 करोड़ रूपए का ऋण ग्राम पंचायतें अब दस लाख रूपये तक के निर्माण कार्य कर सकेंगे कमरौद स्कूल का नामकरण अहिल्या बाई त्रेतानाथ के नाम पर गलफुल्ला और चनान नदी पर बनेंगे उच्च स्तरीय पुल मुख्यमंत्री से मध्यप्रदेश के कृषि मंत्री श्री बिसेन की सौजन्य मुलाकात मुख्यमंत्री से अभनपुर नगर पंचायत के प्रतिनिधि मण्डल की मुलाकात श्री केदार कश्यप से पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य श्री शिव चन्द्राकर ने सौजन्य मुलाकात की उपार्जन केन्द्रों में तेजी से हो रही धान की आवक श्रम मंत्री श्री साहू की अध्यक्षता में असंगठित श्री केदार कश्यप के नेतृत्व में प्रतिनिधि मंडल नई दिल्ली प्रवास पर आज करेंगे केंद्रीय जनजातीय कार्य मंत्री से मुलाकात कृषि मंत्री श्री साहू ने किया खारून नदी पर एनीकट सह रपटे का भूमिपूजन राज्यपाल से सीमा सुरक्षा बल के महानिदेशक ने सौजन्य मुलाकात की मुख्यमंत्री के समक्ष जलग्रहण क्षेत्र प्रबंधन पर प्रस्तुतिकरण मुख्यमंत्री से सीमा सुरक्षा बल के महानिदेशक ने सौजन्य मुलाकात की

Personal tools
You are here: Home समाचार मुख्यमंत्री कर्मचारियों की मांगों पर गंभीरता से होगा विचार : डॉ. रमन सिंह

कर्मचारियों की मांगों पर गंभीरता से होगा विचार : डॉ. रमन सिंह

What
When Apr 05, 2011
from 02:20 PM to 02:20 PM
Add event to calendar vCal
iCal

मुख्यमंत्री से कर्मचारी-अधिकारी फेडरेशन के प्रतिनिधि मंडल की मुलाकात

  रायपुर 05 अप्रैल 2011

मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने राज्य शासन के कर्मचारियों की विभिन्न मांगों पर गंभीरता से विचार करने का आश्वासन दिया है। डॉ. सिंह ने कहा है कि शासकीय कर्मचारी और अधिकारी भी सरकार के अभिन्न अंग हैं। उनकी समस्याओं के निराकरण के लिए राज्य शासन द्वारा हमेशा सकारात्मक दृष्टिकोण से विचार किया जाता रहा है और आगे भी किया जाएगा। मुख्यमंत्री आज यहां अपने निवास पर छत्तीसगढ़ कर्मचारी-अधिकारी फेडरेशन (संयुक्त मोर्चा) के प्रतिनिधि मंडल से चर्चा कर रहे थे। डॉ. सिंह ने प्रतिनिधि मंडल से कहा कि राज्य सरकार ने कर्मचारियों के हित में नये वित्तीय वर्ष 2011-12 में महंगाई भत्ते और पेंशनरों के लिए महंगाई राहत में एक अप्रैल से दस प्रतिशत का इजाफा कर दिया है। अब कर्मचारियों को 45 प्रतिशत महंगाई भत्ता और पेंशनरों को 45 प्रतिशत महंगाई राहत की राशि चालू माह के वेतन में जुड़कर अगले माह से मिलने लगेगी। अनुकंपा नियुक्तियों के लिए समय-सीमा छह महीने से बढ़ाकर तीन वर्ष कर दी गयी है। डॉ. रमन सिंह ने कहा कि आगे भी कर्मचारियों की शासकीय सेवा से जुड़ी हर समस्या पर सरकार सहानुभूतिपूर्वक विचार करेगी। उनसे चर्चा के लिए सरकार के दरवाजे हमेशा खुले हुए हैं।

71-050411

प्रतिनिधि मंडल ने इस मौके पर मुख्यमंत्री को अपनी विभिन्न मांगों के संबंध में ज्ञापन सौंपा। डॉ. सिंह ने ज्ञापन के सभी बिन्दुओं और सभी पहलुओं पर गंभीरता से विचार करने का भरोसा दिलाया। फेडरेशन के संयोजक श्री सुभाष मिश्रा और प्रदेश प्रवक्ता श्री वीरेन्द्र नामदेव के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापन में मुख्यमंत्री को भारतीय नववर्ष विक्रम संवत 2068 की बधाई देते हुए शासकीय कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ते की दस प्रतिशत की एक किश्त दिए जाने पर उनके प्रति आभार व्यक्त किया गया है। इसके अलावा उनसे आग्रह किया गया है कि राज्य के सभी कर्मचारियों, अधिकारियों और पेंशनरों को महंगाई भत्ता और महंगाई राहत की राशि केन्द्र सरकार के समान जुलाई 2010 से दी जाए। ज्ञापन में फेडरेशन द्वारा शासकीय कर्मचारियों की नौ प्रमुख विभिन्न लंबित मांगों का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री से इनका जल्द निराकरण करने का अनुरोध किया गया है। इन मांगों में डॉ. डी.एन तिवारी कमेटी की रिपोर्ट एक जनवरी 1996 से लागू करने, छठवें वेतन आयोग की अनुशंसा के अनुसार गृह भाड़ा भत्ता सहित समस्त भत्तों को पुनरीक्षित करने, नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के शासकीय कर्मचारियों को विशेष भत्ता और जोखिम भत्ता देने, प्रदेश के सभी शासकीय कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति की आयु 62 वर्ष निर्धारित करने, शासन के समस्त सभी विभागों में भर्ती नियम और सेट-अप को पुनरीक्षित कर विभागीय पदोन्नति समितियों की बैठक नियमित रूप से आयोजित करने, दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों के नियमितीकरण के बाद उनकी प्रथम नियुक्ति तिथि को सेवा अवधि में जोड़कर पेंशन का लाभ देने, छठवें वेतन आयोग की अनुशंसा के अनुसार पेंशन की गणना के लिए क्वालिफाइड अवधि को 33 वर्ष की बजाय 20 वर्ष करने, सेवानिवृत्ति के बाद अवकाश नगदीकरण की गणना सात दिन की जगह दस दिन के हिसाब से करने, ताकि तीन सौ दिन का लाभ मिल सके और अनुकंपा नियुक्ति के समस्त बंधनों को समाप्त कर शासकीय सेवकों के परिजनों को जल्द से जल्द नियुक्ति दिलाने की मांग शामिल है।

प्रतिनिधि मंडल में छत्तीसगढ़ राज्य कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष श्री महेन्द्र जैन, छत्तीसगढ़ डिप्लोमा इंजीनियर्स एसोसिएशन के प्रांताध्यक्ष श्री सुरेन्द्र टुटेजा, तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष श्री सी.एल.साहू, कर्मचारी कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष श्री व्ही.पी.शर्मा, स्वास्थ्य कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष श्री ओ.पी.शर्मा, छत्तीसगढ़ प्रदेश तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ के कार्यकारी अध्यक्ष श्री सालिक सिंह ठाकुर, छत्तीसगढ़ मंत्रालयीन कर्मचारी संघ की अध्यक्ष श्रीमती हेमलता एक्का, छत्तीसगढ़ पटवारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष श्री कमलेश सिंह राजपूत, लिपिक वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ के महामंत्री श्री संजय सिंह, सहायक पशु चिकित्सा क्षेत्र अधिकारी संघ के श्री बी.के.शर्मा, वाहन चालक/यांत्रिक कर्मचारी संघ के प्रांताध्यक्ष श्री एन.एच.खान, छत्तीसगढ़ शिक्षक कांग्रेस के प्रांताध्यक्ष श्री अनिल शुक्ला, छत्तीसगढ़ प्रदेश शिक्षक कांग्रेस के श्री राजेश चटर्जी, अपाक्स के श्री महेन्द्र वर्मा, राजस्व निरीक्षक संघ के श्री लालराम वर्मा और अन्य अनेक संगठनों के प्रतिनिधि शामिल थे।

क्रमांक-71/स्वराज्य



« May 2012 »
May
MoTuWeThFrSaSu
123456
78910111213
14151617181920
21222324252627
28293031