छत्तीसगढ़ की समितियों में अब तक 59 हजार मीटरिक टन धान की आवक
धान खरीदी में रायपुर जिला सबसे आगे
रायपुर 11 नवंबर 2010
छत्तीसगढ़ की एक हजार 333 प्राथमिक सहकारी समितियों के एक हजार 587 उपार्जन केन्द्रों में धान की आवक लगातार बढ़ती जा रही है। समर्थन मूल्य नीति के तहत चालू खरीफ विपणन वर्ष 2010-11 में इन उपार्जन केन्द्रों में किसानों से अब तक 59 हजार 68 मीटरिक टन धान की खरीदी की जा चुकी है। अब तक सबसे अधिक 15 हजार 527 मीटरिक टन धान की आवक रायपुर जिले की 276 सहकारी समितियों में दर्ज की गई, जबकि महासमुन्द जिला दूसरे स्थान पर है, जहां अब तक 12 हजार 554 मीटरिक टन धान की आवक विभिन्न समितियों में दर्ज की गई है। आने वाले दिनों में धान की कटाई और मिजाई में गति आने पर खरीदी केन्द्रों में धान की आवक में और तेजी आएगी।
खाद्य, नागरिक आपूर्ति और उपभोक्ता संरक्षण विभाग के अधिकारियों ने आज यहां बताया कि चालू खरीफ विपणन वर्ष के अन्तर्गत राज्य में समर्थन मूल्य नीति पर धान खरीदी का कार्य विगत नवम्बर 2010 से चल रहा है। विभिन्न समितियों से यहां राज्य सहकारी विपणन संघ (मार्कफेड) मुख्यालय में संकलित जानकारी के अनुसार अब तक कबीरधाम (कवर्धा) जिले में 139 मीटरिक टन, उत्तर बस्तर (कांकेर) में 87 मीटरिक टन, कोरबा में 21 मीटरिक टन, कोरिया (बैकुण्ठपुर) में आठ मीटरिक टन, जांजगीर-चांपा में 32 मीटरिक टन, दुर्ग में 11 हजार 116 मीटरिक टन, धमतरी में नौ हजार 416 मीटरिक टन, जगदलपुर (बस्तर) में 87 मीटरिक टन, बिलासपुर 435 मीटरिक टन, राजनांदगांव में नौ हजार 97 मीटरिक टन, रायगढ़ में 543 मीटरिक टन और सरगुजा (अम्बिकापुर) जिले में अब तक छह मीटरिक टन धान की खरीदी की गयी है।
उल्लेखनीय है कि सामान्य (कॉमन) धान एक हजार रूपए और ग्रेड-ए धान एक हजार तीस रूपए प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य पर खरीदी की जा रही है। इसके अलावा राज्य शासन द्वारा एक नवम्बर से सहकारी समितियों के माध्यम से उपार्जन केन्द्रों में किसानों से समर्थन मूल्य पर खरीदे गये धान के लिए प्रति क्विंटल 50 रूपए की दर से बोनस राशि देने का निर्णय लिया है। इसका भुगतान किसानों को एरियर्स के रूप में नये वित्तीय वर्ष 2011-12 में किया जाएगा।
खाद्य, नागरिक आपूर्ति और उपभोक्ता संरक्षण विभाग के अधिकारियों ने आज यहां बताया कि चालू खरीफ विपणन वर्ष के अन्तर्गत राज्य में समर्थन मूल्य नीति पर धान खरीदी का कार्य विगत नवम्बर 2010 से चल रहा है। विभिन्न समितियों से यहां राज्य सहकारी विपणन संघ (मार्कफेड) मुख्यालय में संकलित जानकारी के अनुसार अब तक कबीरधाम (कवर्धा) जिले में 139 मीटरिक टन, उत्तर बस्तर (कांकेर) में 87 मीटरिक टन, कोरबा में 21 मीटरिक टन, कोरिया (बैकुण्ठपुर) में आठ मीटरिक टन, जांजगीर-चांपा में 32 मीटरिक टन, दुर्ग में 11 हजार 116 मीटरिक टन, धमतरी में नौ हजार 416 मीटरिक टन, जगदलपुर (बस्तर) में 87 मीटरिक टन, बिलासपुर 435 मीटरिक टन, राजनांदगांव में नौ हजार 97 मीटरिक टन, रायगढ़ में 543 मीटरिक टन और सरगुजा (अम्बिकापुर) जिले में अब तक छह मीटरिक टन धान की खरीदी की गयी है।
उल्लेखनीय है कि सामान्य (कॉमन) धान एक हजार रूपए और ग्रेड-ए धान एक हजार तीस रूपए प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य पर खरीदी की जा रही है। इसके अलावा राज्य शासन द्वारा एक नवम्बर से सहकारी समितियों के माध्यम से उपार्जन केन्द्रों में किसानों से समर्थन मूल्य पर खरीदे गये धान के लिए प्रति क्विंटल 50 रूपए की दर से बोनस राशि देने का निर्णय लिया है। इसका भुगतान किसानों को एरियर्स के रूप में नये वित्तीय वर्ष 2011-12 में किया जाएगा।
क्रमांक-3673/लहरे

