पहाड़ी कोरवाओं को लाख की खेती के लिए नि:शुल्क बीज वितरित
रायपुर, 04 जुलाई 2011
छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में निवासरत विशेष पिछड़ी जनजाति पहाड़ी कोरवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए राज्य शासन के वन विभाग द्वारा नि:शुल्क लाख बीज वितरित किया जा रहा है। वन मंत्री श्री विक्रम उसेण्डी ने कोरबा जिले के वनांचल में स्थित गांव देवपहरी में आयोजित कार्यक्रम में कल आसपास के दस गांवों के 50 पहाड़ी कोरवा परिवारों को लाख बीज 'बीहन' नि:शुल्क प्रदान किया। इनमें गांव छातीबहार, सारबहार, गोल्हर डांड, लालभवना, गहनिया, दूधीटांगर, बेला, फुटहामुड़ा, कदमझरिया और दरदीमोहर गांव के पहाड़ी कोरवा परिवार शामिल हैं।
वन मंत्री श्री उसेण्डी ने उम्मीद जताई कि लाख की खेती से इन पहाड़ी कोरवाओं की आर्थिक स्थिति सुधरेगी और विकास की मुख्य धारा में वे शामिल हो सकेंगे । उन्होंने लाख के खेती के बारे में विस्तृत प्रशिक्षण्ा प्रदान करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि लाख उत्पादन के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ पूरे देश में अव्वल है। करीब सात हजार मीटरिक टन लाख का उत्पादन वर्ष 2009-10 में हुआ है। वन मंत्री श्री उसेण्डी ने वन विभाग द्वारा चालू शिक्षा सत्र से शुरू शिक्षा प्रोत्साहन योजना की भी जानकारी दी। उन्होंने यह भी बताया कि इस साल से प्राथमिक वनोपज सहकारी समिति स्तर पर कक्षा आठवीं, दसवीं और बारहवीं में प्रथम आने वाले संग्राहक परिवार के एक छात्र और एक छात्रा को क्रमश दो हजार, ढाई हजार और तीन हजार रूपए का पुरस्कार प्रदान किया जाएगा। वन मंत्री ने इस अवसर पर देवपहरी के गौमुखी सेवाधाम में आम, नीम, नीबू, कटहल आदि फलदार पौधों का रोपण भी किया।
क्रमांक-1546/पटेल

