छत्तीसगढ़ में इस वर्ष खुलेंगी 292 नयी वन चौकियां : श्री उसेण्डी
रायपुर, 02 अप्रैल 2011
जंगलों की सुरक्षा के लिए वन विभाग द्वारा छत्तीसगढ़ में 'वन चौकियां' स्थापित किए जाएंगे। चालू वित्तीय वर्ष 2011-12 में प्रदेश में 292 नयी 'वन चौकियां' खोली जाएंगी। पुलिस चौकी की भांति इन चौकियों का कार्य-कलाप होगा। वन मंत्री श्री विक्रम उसेण्डी ने आज यहां बताया कि प्रत्येक 'वन चौकी' के अंतर्गत साठ वर्ग किलोमीटर वनक्षेत्र की सुरक्षा का दायित्व होगा।
वन मंत्री श्री उसेण्डी ने बताया कि जंगलों के सुरक्षा की वर्तमान व्यवस्था के अंतर्गत लगभग दस वर्ग किलोमीटर क्षेत्रफल के एक बीट की सुरक्षा की जिम्मेदारी एक वनरक्षक की होती है। किन्तु वामपंथ उग्रवाद और अंतर्राज्यीय काष्ठ तस्करी के चलते राज्य में वनों की सुरक्षा के लिए नई व्यवस्था लागू करने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने बताया कि वन चौकी का प्रभारी उप वन क्षेत्रपाल या वरिष्ठ वनपाल होगा, जहां समस्त वनरक्षकों को एक साथ आवासीय सुविधा उपलब्ध कराकर उन्हें रखा जाएगा। इन चौकियों से ही जंगलों में सामूहिक गश्त की जाएगी तथा वनों की सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए इन चौकियों में नई सूचना प्रौद्योगिकी का इस्तेमाल किया जाएगा। एक चौकी पर एक उप वन क्षेत्रपाल, एक वनपाल और पांच-छह वनरक्षकों की नियुक्ति की जाएगी। श्री उसेण्डी ने कहा कि प्रदेश में प्रथम चरण में नक्सल प्रभावित 22 वनमण्डलों में इसे लागू करने का निर्णय लिया गया है। इन वनमण्डलों में 292 वन चौकियों की स्थापना की जाएगी। वन मंत्री ने उम्मीद जताई कि नई सुरक्षा व्यवस्था के अंतर्गत जंगलों की सुरक्षा मजबूत होने के साथ-साथ कर्मचारियों में भी सुरक्षा की भावना पैदा करने में मदद मिलेगी।

