नव-नियुक्त औषधि निरीक्षकों का प्रशिक्षण
महाराष्ट्र के वरिष्ठ अधिकारियों ने सिखाई औषधियों को जांचने-परखने की विधि
रायपुर 3 सितम्बर 2010
खाद्य एवं औषधि प्रशासन छत्तीसगढ़ के नव नियुक्त 16 औषधि निरीक्षकों को महाराष्ट्र राज्य के औषधि प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा रायपुर स्थित कालीबाड़ी के स्वास्थ्य विभाग के प्रशिक्षण केन्द्र में प्रशिक्षित किया गया। इस दो दिवसीय प्रशिक्षण सत्र के दौरान नव नियुक्त औषधि निरीक्षकों को औषधियों के निर्माण, आयात, वितरण एवं विक्रय स्तर पर औषधियों की गुणवत्ता को जांचने एवं परखने की विधियों की जानकारी के साथ औषधि एवं प्रसाधन अधिनियम, 1940 तथा इसके अन्तर्गत बनाये गये नियमों एवं विनियमों की जानकारी उपलब्ध कराई गयी है। यह दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम 02 सितम्बर से प्रारंभ होकर 03 सितम्बर को सम्पन्न हुआ।
प्रशिक्षण सत्र के दौरान महाराष्ट्र के औषधि प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों के द्वारा गुणवत्ताहीन औषधियों के विक्रय को रोके जाने एवं मिलावटी औषधियों के विक्रेताओं के विरूध्द विधिक प्रावधानों के तहत कार्रवाई किए जाने के सभी कानूनी पहलुओं की जानकारी दी गई। उनके द्वारा गुणवत्ताहीन औषधियों के निर्माण, वितरण एवं विक्रय से संबंधित आसूचनाओं के एकत्रित करने, उनकी जप्ती करने एवं प्रयोगशाला भेजकर उनका परीक्षण कराने, प्रभावी अभियोजन की कार्यवाही को सम्पन्न करने में औषधि निरीक्षकों की भूमिका से संबंधित विभिन्न आयामों पर प्रकाश डालते हुए अपने अनुभवों से भी अवगत कराया।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में महाराष्ट्र राज्य के संयुक्त आयुक्त सर्वश्री पी.आर. उत्तरवार, डी.एस. साधवानी, ए.वी. गिरी तथा औषधि निरीक्षक डी.आर. गहाने, डी.एम. भामरे एवं सेवानिवृत्त संयुक्त आयुक्त श्री एस.डब्ल्यू. देशपाण्डे का सहयोग छत्तीसगढ़ राज्य के खाद्य एवं औषधि प्रशासन को मिला। प्रशिक्षण कार्यक्रम श्री निलाम्बर सेठ, औषधि निरीक्षक के समन्वयन में सम्पन्न हुआ।
प्रशिक्षण सत्र के दौरान महाराष्ट्र के औषधि प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों के द्वारा गुणवत्ताहीन औषधियों के विक्रय को रोके जाने एवं मिलावटी औषधियों के विक्रेताओं के विरूध्द विधिक प्रावधानों के तहत कार्रवाई किए जाने के सभी कानूनी पहलुओं की जानकारी दी गई। उनके द्वारा गुणवत्ताहीन औषधियों के निर्माण, वितरण एवं विक्रय से संबंधित आसूचनाओं के एकत्रित करने, उनकी जप्ती करने एवं प्रयोगशाला भेजकर उनका परीक्षण कराने, प्रभावी अभियोजन की कार्यवाही को सम्पन्न करने में औषधि निरीक्षकों की भूमिका से संबंधित विभिन्न आयामों पर प्रकाश डालते हुए अपने अनुभवों से भी अवगत कराया।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में महाराष्ट्र राज्य के संयुक्त आयुक्त सर्वश्री पी.आर. उत्तरवार, डी.एस. साधवानी, ए.वी. गिरी तथा औषधि निरीक्षक डी.आर. गहाने, डी.एम. भामरे एवं सेवानिवृत्त संयुक्त आयुक्त श्री एस.डब्ल्यू. देशपाण्डे का सहयोग छत्तीसगढ़ राज्य के खाद्य एवं औषधि प्रशासन को मिला। प्रशिक्षण कार्यक्रम श्री निलाम्बर सेठ, औषधि निरीक्षक के समन्वयन में सम्पन्न हुआ।
क्रमांक-2668/जयंत

