राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना के दावों का निपटारा अब 21 दिनों में
राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना की कार्यशाला में बनी सहमति
रायपुर 06 मई 2011
राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना के दावा (क्लेम) का भुगतान अब 21 दिनों में होगा। रायपुर में राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना पर तीन से पांच मई तक आयोजित राष्ट्रीय कार्यशाला में यह सहमति बनी। कार्यशाला के अंतिम दिन योजना के क्लेम के भुगतान में आ रही दिक्कतों पर विचार-विमर्श किया गया और यह निर्णय लिया गया कि योजना के तहत पंजीकृत अस्पतालों द्वारा बीमा राशि का क्लेम करने पर बीमा कम्पनियां अधिकतम 21 दिनों में बीमा राशि का भुगतान करेंगी। कार्यशाला में उपस्थित बीमा कम्पनियों के अधिकारियों ने भी इस पर सहमति व्यक्त की। इस निर्णय के बाद अब अस्पतालों को समय पर बीमा राशि का भुगतान हो सकेगा।
कार्यशाला में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गांरटी योजना के मजदूरों, खेतिहर मजदूरों, स्ट्रीट वेण्डर, कुली और डाकियों को भी बीमा योजना के दायरे में लाने पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। कार्यशाला में मौजूद रेल्वे के अधिकारियों ने रेल्वे में कार्यरत कुलियों को योजना में शामिल करने पर सहमति व्यक्त की। इसके साथ ही यह भी निर्णय लिया गया कि यदि कोई समूह राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना में शामिल होना चाहता है और बीमा की प्रीमियम राशि का भुगतान करने के लिए तैयार है, तो उन्हें भी योजना में शामिल किया जा सकेगा। तीन दिनों तक चली इस कार्यशाला में विभिन्न राज्यों के प्रतिनिधियों ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य बीमा योजना के क्रियान्वयन के लिए अपनाये जा रहे विभिन्न उपायों और अनुभवों को आपस में बांटा। कार्यशाला में दूसरे राज्यों के प्रतिनिधयों में छत्तीसगढ़ में योजना के डाटाबेस प्रबंधन की सराहना की और इसे अन्य राज्यों के लिए भी अनुकरणीय बताया। उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ में 24 लाख 98 हजार गरीब परिवारों में से 18 लाख से अधिक परिवारों का पंजीयन हो चुका है और 14 लाख 13 हजार परिवारों को स्मार्ट कार्ड दिया जा चुका है।

