लियेंडर पेस ने राज्यपाल से मुलाकात की लगभग दो दशक बाद फिर शुरू हुआ गोंडवाना कप राष्ट्रीय टेनिस टूर्नामेंट:मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने किया शुभारंभ मंत्रिपरिषद की बैठक : छत्तीसगढ़ में गौ हत्या पर अब और अधिक कठोर कारावास हीरानार नल-जल योजना के लिए 19.42 लाख रूपए स्वीकृत ग्राम कुथुर के लिए नल-जल योजना स्वीकृत उर्दू अकादमी में अध्यक्ष-उपाध्यक्ष सहित सदस्यों का मनोनयन मुख्यमंत्री ग्राम उत्कर्ष योजना : अब तक 153.40 करोड़ की लागत के सात हजार से ज्यादा विकास कार्य पूर्ण सक्षम योजना : राज्य की 284 महिलाओं को स्वरोजगार के लिए मिला 1.62 करोड़ रूपए का ऋण ग्राम पंचायतें अब दस लाख रूपये तक के निर्माण कार्य कर सकेंगे कमरौद स्कूल का नामकरण अहिल्या बाई त्रेतानाथ के नाम पर गलफुल्ला और चनान नदी पर बनेंगे उच्च स्तरीय पुल मुख्यमंत्री से मध्यप्रदेश के कृषि मंत्री श्री बिसेन की सौजन्य मुलाकात मुख्यमंत्री से अभनपुर नगर पंचायत के प्रतिनिधि मण्डल की मुलाकात श्री केदार कश्यप से पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य श्री शिव चन्द्राकर ने सौजन्य मुलाकात की उपार्जन केन्द्रों में तेजी से हो रही धान की आवक श्रम मंत्री श्री साहू की अध्यक्षता में असंगठित श्री केदार कश्यप के नेतृत्व में प्रतिनिधि मंडल नई दिल्ली प्रवास पर आज करेंगे केंद्रीय जनजातीय कार्य मंत्री से मुलाकात कृषि मंत्री श्री साहू ने किया खारून नदी पर एनीकट सह रपटे का भूमिपूजन राज्यपाल से सीमा सुरक्षा बल के महानिदेशक ने सौजन्य मुलाकात की मुख्यमंत्री के समक्ष जलग्रहण क्षेत्र प्रबंधन पर प्रस्तुतिकरण मुख्यमंत्री से सीमा सुरक्षा बल के महानिदेशक ने सौजन्य मुलाकात की

Personal tools
You are here: Home समाचार स्वास्थ्य विश्व क्षय दिवस पर रैली निकली

विश्व क्षय दिवस पर रैली निकली

What
When Mar 24, 2011
from 08:35 PM to 08:35 PM
Add event to calendar vCal
iCal

रायपुर, 24 मार्च 2011

6680-240311

विश्व क्षय दिवस 24 मार्च के अवसर पर जिला क्षय केन्द्र कालीबाड़ी रायपुर से मोटर साइकिल रैली निकाली गयी। रैली कालीबाड़ी चौक से कोतवाली चौक, महिला चौक, शास्त्री चौक, घड़ी चौक, आकाशवाणी चौक, महिला थाना चौक होते हुए वापस जिला क्षय केन्द्र कालीबाड़ी में समाप्त हुई। रैली में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जी.के सक्सेना, सिविल सर्जन डॉ. किरण मल्होत्रा, जिला क्षय अधिकारी डॉ. के.आर. सोनवानी सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारी और मरीजों के परिजन शामिल थे।
    ज्ञातव्य है कि छत्तीसगढ़ में 15 अगस्त 2002 से संचालित पुनरीक्षित राष्ट्रीय क्षय नियंत्रण कार्यक्रम की डॉट्स प्रणाली के तहत टी.बी. मरीजों का नि:शुल्क जांच और इलाज किया जाता है। मरीजों को निर्धारित समय व स्थान पर डॉट्स प्रबंधक की देखरेख में दवाई खिलाई जाती है। यही कारण है कि डॉट्स पध्दति में 80 से 85 प्रतिशत टी.बी. मरीजों के रोग मुक्त होने की संभावना रहती है, जबकि इससे पहले 25 से 30 प्रतिशत टी.बी. मरीज ही ठीक हो पाते थे। इस तरह डॉट्स प्रणाली टी.बी. रोग के इलाज में कारगर साबित हुआ है। किसी भी व्यक्ति को दो सप्ताह से ज्यादा अवधि की खांसी टीबी रोग का मुख्य लक्षण है। इसके अलावा शाम को बढ़ने वाला बुखार, भूख न लगना, वजन घटना, रात में पसीना आना तथा कभी-कभी बलगम के साथ खून आना भी इसके लक्षण है। ऐसे लक्षण वाले व्यक्तियों को माइक्रोस्कोपिक केन्द्र में बलगम की जांच करानी चाहिए।
    स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि टीबी मरीजों की नि:शुल्क जांच और इलाज के लिए छत्तीसगढ़ में 18 जिला क्षय केन्द, 66 ट्रीटमंट यूनिट और 307 माइक्रोस्कोपिक केन्द्र स्थापित किए गए हैं। प्रत्येक पांच लाख की जनसंख्या (आदिवासी क्षेत्रों में ढाई लाख)  पर एक ट्रीटमेंट यूनिट तथा एक लाख जनसंख्या (आदिवासी क्षेत्रों में ढाई लाख)  पर एक ट्रीटमेंट यूनिट तथा एक लाख जनसंख्या (आदिवासी क्षेत्रों में 50,000 जनसंख्या) पर एक माइक्रोस्कोपिक केन्द्र बनाए गए हैं और टी.बी. की जांच और इलाज किया जा रहा है। टी.बी. माइक्रोबैक्टेरियम टयूब रक्यूलोसिस जीवाणु के कारण होता है। टी.बी. किसी भी वर्ग के व्यक्ति को हो सकता है। व्यक्ति की रोग प्रतिरोधक क्षमता कम होने पर टी.बी. के कीटाणु हवा के माध्यम से स्वस्थ व्यक्ति को संक्रमित करते हैं। प्रदेश में टी.बी. नियंत्रण कार्यक्रम में गति लाने के लिए सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों जैसे रेलवे, एन.टी.पी.सी., एसईसीएल के अस्पतालों को कार्यक्रम से जोड़ा गया है। इसके अलावा स्वयंसेवी संस्थाओं, निजी चिकित्सकों, मितानिन और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की सेवाएं ली जा रही है।

क्रमांक-6680/कुशराम
« May 2012 »
May
MoTuWeThFrSaSu
123456
78910111213
14151617181920
21222324252627
28293031