चार श्रमिक संगठनों की अनिश्चित कालीन हड़ताल का मामला औद्योगिक न्यायालय को
रायपुर 15 जून 2010
राज्य शासन द्वारा भिलाई इस्पात संयंत्र में चार विभिन्न श्रमिक संगठनों भिलाई श्रमिक सभा, भिलाई स्टील मजदूर सभा (एटक), हिन्दुस्तान एम्प्लाईज यूनियन (सीटू) और स्टील एम्पलाई यूनियन (इंटक) की सात जून को अनिश्चितकालीन हड़ताल की वैधानिकता का मामला औद्योगिक न्यायालय रायपुर को निर्णय के लिए सौंपा गया है। राज्य शासन के श्रम विभाग ने इस संबंध में छत्तीसगढ़ औद्योगिक संबंध अधिनियम 1960 के प्रावधानों के तहत यह मामला औद्योगिक न्यायालय को प्रेषित किया है। इस आशय का आदेश भी यहां मंत्रालय डी.के.एस.भवन से श्रम विभाग द्वारा जारी कर दिया गया है।
श्रम विभाग के अधिकारियों ने आज यहां बताया कि राज्य शासन को भिलाई श्रमिक सभा, भिलाई स्टील मजदूर सभा (एटक), हिन्दुस्तान एम्प्लाईज यूनियन (सीटू) और स्टील एम्पलाई यूनियन (इंटक) द्वारा 07 जून 2010 को भिलाई इस्पात संयंत्र में अनिश्चितकालीन हड़ताल करने की सूचना संयंत्र प्रबंधन द्वारा प्राप्त हुई है। चूंकि प्रस्तावित हड़ताल संयंत्र प्रबंधन के आवेदन अनुसार छत्तीसगढ़ औद्योगिक संबंध अधिनियम 1960 की धारा 80 के तहत प्रथम दृष्टि से ही अवैधानिक है। अत: राज्य शासन द्वारा इसे राज्य औद्योगिक न्यायालय रायपुर को उचित निर्णय के लिए प्रेषित कर दिया गया है। शासन द्वारा भिलाई श्रमिक सभा, भिलाई स्टील मजदूर सभा (एटक), हिन्दुस्तान एम्प्लाईज यूनियन (सीटू) और स्टील एम्पलाई यूनियन (इंटक) द्वारा अनुसूची में वर्णित बिन्दुओं पर मांग पत्र की वैधानिकता और इस संबंध में नियोजक को दिए जाने वाले निर्देशों पर भी औद्योगिक न्यायालय से निर्णय की अपेक्षा की गयी है।

