संविदा श्रमिकों को वेतन सहित सभी भुगतान बैंको के माध्यम से होंगे
श्रम विभाग के प्रमुख सचिव श्री ढांड ने समीक्षा बैठक में अधिकारियों को दिए निर्देश
रायपुर 09 अप्रैल 2010

छत्तीसगढ़ सरकार के श्रम विभाग के प्रमुख सचिव श्री विवेक ढांड ने आज यहां श्रमायुक्त कार्यालय में विभागीय अधिकारियों की बैठक लेकर श्रमिकों के हित में किए जा रहे कार्यों और राज्य शासन द्वारा संचालित योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने राज्य के सभी कारखानों, निर्माण कार्यों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में काम करने वाले संविदा श्रमिकों (ठेका मजदूरों) को वेतन सहित सभी भुगतान बैंको के माध्यम से किए जाने के लिए सभी जरूरी कार्रवाई करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। श्री ढांड ने इसके लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर श्रमिक संविदा मजदूरों को बैंकों में खाते खुलवाने के लिए भरपूर सहयोग करने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए। प्रमुख सचिव ने प्रदेश में किए जा रहे विभिन्न निर्माण कार्यों की उपकर वसूली सुनिश्चित करने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए। उन्होंने आगामी 12 अप्रैल से शुरू हो रहे प्रदेश व्यापी ग्राम सुराज अभियान के दौरान खेतिहर मजदूरों को कृषि श्रमिक दुर्घटना क्षतिपूर्ति योजना के तहत दी जाने वाली राशि का शत-प्रतिशत भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश भी बैठक में अधिकारियों को दिए। बैठक में केन्द्र सरकार ने श्रम प्रवर्तन अधिकारी द्वय श्री पी.के.दीक्षित और श्री एस.के.मोहंती, कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के क्षेत्रीय आयुक्त श्री एस.के.नायक, कर्मचारी राज्य बीमा सेवाओं के संचालक श्री एन.के.तिवारी सहित श्रम विभाग के राज्य एवं जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहें।
विभागीय कार्यों की समीक्षा करते हुए श्री ढांड ने कहा कि महात्मा गांधी राष्ट्रीय रोजगार गारंटी योजना की तर्ज पर राज्य में काम करने वाले सभी संविदा श्रमिकों को वेतन, कर्मचारी भविष्य निधि राशि सहित चिकित्सा प्रतिपूर्ति राशि और क्षतिपूर्ति राशि आदि का भुगतान बैंकों के माध्यम से कराना सुनिश्चित किया जाए। प्रमुख सचिव ने भविष्य में संविदा श्रमिकों को काम पर लगाने के लिए विभाग द्वारा जारी किए जाने वाले लाईसेंसों में श्रमिकों को बैंकों के माध्यम से भुगतान की अनिवार्यता शामिल करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि संविदा श्रमिकों से काम कराने वाले ठेकेदारों द्वारा निर्धारित नियमों का पालन नहीं करने पर उनके लाईसेंस और कर्मचारी स्वास्थ बीमा के कोड नम्बर रद्द करने के कार्रवाई की जाए। बैठक में श्रम कल्याण विभाग भारत सरकार के उप कल्याण आयोग श्री जी.पी.भाटिया ने राज्य में बीड़ी कामगारों, चूना पत्थर खदानों और लौह खदानों में काम करने वाले श्रमिकों के लिए चलाई जा रही केन्द्रीय योजनाओं भी विस्तृत जानकारी दी।
श्री ढांड ने श्रमिक हितों की रक्षा और उन्हें सुरक्षा तथा स्वास्थ्य की बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए सभी जरूरी कार्रवाई करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। उन्होंने प्रदेश में संचालित खनिज उत्खनन करने वाले विभिन्न खदानों में श्रम अधिकारियों द्वारा नियमित निरीक्षण करने तथा इसकी रिपोर्ट राज्य शासन को समय पर प्रेषित करने के निर्देश दिए। प्रमुख सचिव ने राज्य के सात जिलों मे संचालित राष्ट्रीय बाल श्रम परियोजना के स्कूलों का भी नियमित परीक्षण कर बच्चों को पांचवी कक्षा पास कराने और उन्हें मुख्य धारा में शामिल करने के लिए सभी जिला अधिकारियों को निर्देशित किया। बाल श्रम स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को नियमित रूप से मध्यान्ह भोजन उपलब्घ कराने के लिए जिला शिक्षा अधिकारी एवं जिला कलेक्टरों से समन्वय करने के निर्देश भी प्रमुख सचिव ने अधिकारियों को दिए। उन्होंने कर्मचारी राज्य बीमा सेवाएं द्वारा संचालित स्वास्थ केन्द्रों पर चिकित्सकों की नियमित उपस्थिति, इलाज की सुविधाओं और दवाओं की उपलब्धता का भी नियमित निरीक्षण करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। श्री ढांड ने केन्द्र सरकार की योजनाओं के तहत राज्य मेंं संचालित श्रमिक हितकारी कार्यों प्रस्ताव तैयार कर एक माह के भीतर केन्द्र सरकार को भेजना सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।

