श्रम मंत्री की अध्यक्षता में असंगठित कर्मकार राज्य सामाजिक सुरक्षा मण्डल के संचालक बोर्ड की बैठक संपन्न
दस से कम श्रमिक वाले असंगठित क्षेत्र के मजदूरों के आर्थिक-सामाजिक कल्याण की बनेंगी योजनाएं
रायपुर, 15 फरवरी 2011
मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की घोषणा के अनुरूप प्रदेश के असंगठित क्षेत्र के मेहनतकश मजदूरों के हितों की रक्षा के लिए छत्तीसगढ़ में पहली बार असंगठित कर्मकार राज्य सामाजिक सुरक्षा मण्डल का
गठन किया गया है। श्रम मंत्री श्री चंद्रशेखर साहू की अध्यक्षता में आज यहां मंत्रालय में मण्डल के संचालक बोर्ड की पहली बैठक संपन्न हुई।
बैठक में श्रम मंत्री श्री चन्द्रशेखर साहू ने कहा कि प्रदेश में असंगठित कर्मकार राज्य सामाजिक सुरक्षा मण्डल के गठन से दस से कम श्रमिक वाले असंगठित क्षेत्र के नियोजन जैसे चाय, चाट ठेला, हाथ ठेला, रिक्शा चालक, खेतिहर मजदूर के हितों की रक्षा के साथ ही उनके आर्थिक-सामाजिक कल्याण की दिशा में विशेष कार्य किए जाएंगे साथ ही विभिन्न विभागों द्वारा इन श्रमिकों के लिए संचालित योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा भी समय-समय पर की जा सकेगी। उन्होंने सदस्यों को मण्डल के गठन के उदेश्यों और किए जाने वाले कार्यो की जानकारी देते हुए बताया कि यह राज्य सरकार को इन असंगठित श्रमिकों के लिए योजनाओं का निर्माण करने में आवश्यक सुझाव, योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा, श्रमिकों का पंजीयन, अभिलेखों का मूल्यांकन के साथ ही राज्य शासन द्वारा समय-समय पर सौंपे गए दायित्वों का निर्वहन करेगा। श्री साहू ने बताया कि मण्डल इन श्रमिकों के लिए भविष्य निधि, दुर्घटना बीमा, आवास की व्यवस्था, कौशल उन्नयन, वृध्दावस्था पेंशन, इनके बच्चों की शिक्षा आदि के लिए योजनाएं बनाने का कार्य करेगा। उन्होंने बताया कि असंगठित श्रमिकों का पंजीयन जिला कलेक्टरों के माध्यम से गठित समितियों द्वारा किया जाएगा और श्रमिकों को पंजीयन के साथ ही स्मार्टकार्ड का वितरण भी किया जाएगा। श्री साहू ने बताया कि मण्डल द्वारा निर्धारित नियोजन का कोई भी श्रमिक जो 14 वर्ष से अधिक उम्र का है स्वयं का घोषणा पत्र देकर अपना पंजीयन करा सकेगा।
श्रम विभाग के प्रमुख सचिव श्री विवेक ढॉड ने मण्डल के दायित्वों की जानकारी देते हुए बताया कि असंगठित कर्मकार राज्य सामाजिक सुरक्षा मण्डल के गठन से दस से कम श्रमिक वाले असंगठित क्षेत्र के मजदूरों को इसका फायदा मिलेगा। इसमें चाय, चाट ठेला, रिक्शा चालक, नाई, धोबी, दर्जी, माली, मोची, घरेलु कामगार, कचरा बीनने वाले, बुनकर, हाथ ठेला चलाने वाले, फुटकर सब्जी व फल-फूल विक्रेता, फुटपाथ व्यापारी, फेरी लगाने वाले, अगरबत्ती, मोमबत्ती बनाने वाले, मोटर सायकल और सायकल मरम्मत करने वाले, गैरेज मजदूर, आटो चालक, मुर्रा, चना फोड़ने वाले, दुकानों में काम करने वाले मजदूर, दाई का कार्य करने वाली और मितानिन सहित खेतीहर मजदूर और वनोपज संग्रहण जैसे छोटे व्यवसायों में लगे मजदूरों को लाभ मिलेगा। मण्डल इन मजदूरों के आर्थिक-सामाजिक कल्याण के लिए योजनाओं का निर्माण, पंजीयन और योजनाओं का भलीभांति क्रियान्वयन की दिशा में कार्य करेगा। मण्डल के सुचारू संचालन के लिए उप श्रमायुक्त श्री राजेश श्रीवास्तव को नियुक्त करते हुए वर्तमान में मण्डल के कार्यालय का संचालन श्रम कल्याण मण्डल कार्यालय के भवन में ही संचालित करने का निर्णय लिया गया। बैठक में विधायक विन्द्रानवागढ़ श्री डमरूधर पुजारी, श्रमायुक्त श्री आर. सी. सिन्हा, मण्डल में राज्य के विभिन्न शासकीय विभागों के मनोनीत प्रतिनिधि, महाप्रबंधक जीवन बीमा निगम क्षेत्रीय कार्यालय रायपुर, असंगठित श्रमिकों और नियोजकों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।

