सोलह हजार से अधिक पंजीकृत मजदूरों और उनके परिजनों को मिला विभिन्न योजनाओं का लाभ
भवन और अन्य निर्माण कार्यो में लगे मजदूरों का पंजीयन जारी
अब तक 30 हजार से अधिक मजदूर पंजीकृत
रायपुर, 17 मार्च 2011
छत्तीसगढ़ में भवन और अन्य निर्माण कार्यो में लगे मजदूरों को बारह विभिन्न योजनाओं का लाभ दिलाने उनका पंजीयन किया जा रहा है। अब तक 30 हजार से अधिक मजदूर पंजीकृत हो चुके है और 16 हजार से अधिक पंजीकृत मजदूरों और उनके परिवार के सदस्यों को विभिन्न योजनाओं के तहत लाभान्वित किया गया है।
श्रम मंत्री श्री चन्द्रशेखर साहू ने आज यहां बताया कि श्रम विभाग द्वारा प्रदेश में भवन और उससे जुड़ीं अन्य गतिविधियों में संलग्न असंगठित क्षेत्र के 42 विभिन्न श्रेणियों के मजदूरों के पंजीयन का कार्य किया जा रहा है, जिन्हें छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मण्डल द्वारा संचालित बारह विभिन्न योजनाओं का लाभ मिलेगा। उन्होंने बताया कि पंजीयन के लिए भवन निर्माण कार्य से जुड़े मजदूरों की आयु 18 वर्ष से कम और 60 वर्ष से अधिक नही होनी चाहिए। पंजीयन के लिए आवेदन निर्धारित प्रपत्र में आवेदक की तीन फोटो और दस रूपए नगद शुल्क सहित निकट के श्रम कार्यालय में जमा करना होगा। आवेदन के साथ आवेदक को आयु का प्रमाण पत्र और एक वर्ष में कम से कम 90 दिन निर्माण कार्य में संलग्न रहने का प्रमाण पत्र संबंधित नियोजक, पंजीकृत निर्माणी क्षेत्र के व्यवसाय संघ अथवा श्रम निरीक्षक द्वारा सत्यापित कराकर जमा करना होगा। श्री साहू ने बताया कि मण्डल द्वारा संचालित योजनाओं के तहत पंजीकृत मजदूरों के कार्य के दौरान दुर्घटना में मृत्यु होने पर एक लाख रूपए और सामान्य मृत्यु पर 25 हजार रूपए की अनुग्रह राशि के साथ ही अंत्येष्टि हेतु उनके परिवारजनों को पांच हजार रूपए की तात्कालिक सहायता राशि मुहैया करायी जाएगी। पंजीकृत श्रमिकों के मेधावी बच्चों को कक्षा पहली से स्नातकोत्तर तक की पढ़ाई के लिए पांच सौ रूपए से लेकर पांच हजार रूपए की छात्रवृति और बालश्रम शालाओं में अध्ययनरत बच्चों को गणवेश, परिचय पत्र, टाई-बेल्ट, जूता-मोजा और स्कूल बैग दिया जाएगा। पंजीकृत महिला श्रमिक के प्रसूति अवकाश के दौरान उसे पांच हजार रूपए की सहायता के अलावा पुरूष श्रमिकों को भी पत्नि के प्रसूति के दौरान दो हजार रूपए पितृत्व सहायता के रूप में दिया जाएगा।
निर्माण कार्यो से जुड़े श्रमिकों को अपनी पुत्रियों अथवा महिला श्रमिकों के विवाह पर पांच हजार रूपए की सहायता मिलेगी। मण्डल द्वारा प्रदेश में प्रतिवर्ष दस हजार पंजीकृत महिला श्रमिकों को अपने घर से कार्य स्थल तक जाने के लिए सायकल अथवा बरसात आदि दिनों में काम नही होने की दशा में जीवकोपार्जन के लिए दस हजार महिलाओं को सिलाई मशीन दी जाएगी। साथ ही प्रतिवर्ष दस हजार पंजीकृत श्रमिकों को औजार किट और दस हजार श्रमिकों को राजमिस्त्री का प्रशिक्षण भी मुहैया कराया जाएगा। श्रम मंत्री ने बताया कि गरीबी रेखा से ऊपर के श्रमिकों को उसकी पत्नी और तीन बच्चों सहित प्रतिवर्ष तीस हजार रूपए की चिकित्सा सुविधा हेतु स्मार्ट कार्ड भी प्रदान किया जाएगा।

