विश्व एड्स दिवस के अवसर पर प्रदेश भर में रैली निकाली गई
रायपुर एक दिसम्बर 2010
विश्व एड्स दिवस के अवसर पर राजधानी रायपुर सहित प्रदेश के सभी जिला मुख्यालयों में रैली निकालकर एड्स से बचाव का संदेश दिया गया। रैली में बड़ी संख्या में स्कूल और कॉलेज के छात्र-छात्राएं एवं स्वंय सेवी संगठनों के प्रतिनिधि शामिल हुए। राजधानी रायपुर में आज सुबह आठ बजे गांधी उद्यान से एक विशाल रैली निकाली गई। संचालक सेवाएं एवं छत्तीसगढ़ एड्स नियंत्रण समिति के परियोजना संचालक श्री पी.अन्बलगन ने हरी झण्डी दिखाकर रैली को रवाना किया। रैली गौरवपथ होते हुए मोतीबाग में समाप्त हुई।
रैली को रवाना करने से पहले श्री पी.अन्बलगन ने कहा कि एड्स से बचाव की जानकारी ही इस बीमारी से बचने का सर्वोत्तम उपाय है। उन्होंने कहा कि एच.आई.वी. एड्स केवल चार कारणों असुरक्षित यौन संबंध, संक्रमित सुई, संक्रमित खून चढ़ाने और संक्रमित गर्भवती माता से उनके होने वाले संतान को संक्रमित कर सकता है। इन चारों कारणों के अलावा किसी अन्य कारण से एड्स नहीं फैलता। इसलिए इन चारों कारणों की जानकारी प्रत्येक नागरिक को होना चाहिए। श्री अन्बलगन ने कहा कि विश्व एड्स दिवस के माध्यम से ज्यादा से ज्यादा लोगों के बीच एड्स से बचाव का संदेश दिया जाना जरूरी है। उन्होंने कहा कि एच.आई.वी. संक्रमितों की जांच और परामर्श के लिए छत्तीसगढ़ में एक सौ जांच एवं परामर्श केन्द्र खोले गए हैं, जहां मरीजों की नि:शुल्क जांच और परामर्श दिया जाता है। इसके अलावा 34 स्वयं सेवी संगठनों के माध्यम से एड्स से बचाव के जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि मेडिकल कॉलेज रायपुर, सिम्स बिलासपुर, मेडिकल कॉलेज जगदलपुर और जिला अस्पताल दुर्ग में एआरटी की दवाई नि:शुल्क दी जा रही है। इसके साथ ही प्रदेश में आने वाले तथा रोजगार के लिए प्रदेश से बाहर जाने वालों को एड्स से बचाव की जानकारी देने के लिए रेल्वे स्टेशन रायपुर, बिलासपुर और जांजगीर-चांपा में सूचना केन्द्र स्थापित किए गए हैं। इन केन्द्रों में बाहर से आने और जाने वालों को चित्रों और पोस्टर-पम्पलेट के माध्यम से एड्स से बचाव की जानकारी दी जाती है।

