जारी है महाअभियान : मंत्रियों ने भी किया श्रमदान
तालाब निर्माण के लिए कृषक ने किया भू-दान
खाद्य मंत्री ने दिया पांच लाख का स्वेच्छानुदान
रायपुर 23 मई 2010
छत्तीसगढ़ में भू-जल संरक्षण का महा अभियान व्यापक जन-भागीदारी के साथ लगातार चल रहा है। गृह, जेल और सहकारिता मंत्री श्री ननकीराम कंवर ने कोरिया जिले के खड़गवां विकासखण्ड के अंतर्गत ग्राम बैमा, गेजी और बचरा में आम जनता के साथ श्रमदान कर तालाब गहरीकरण से संबंधित कार्यों का शुभारंभ किया। इस अवसर पर ग्राम गेजी के किसान श्री रामरतन सिंह ने तालाब निर्माण के लिए अपनी डेढ़ एकड़ जमीन दान में देने की घोषणा की। जिले के प्रभारी मंत्री श्री कंवर ने श्री रामरतन के इस भू-दान को सभी लोगों के लिए प्रेरणादायक बताया और दानदाता को सबकी ओर से धन्यवाद दिया।
उधर खाद्य और नागरिक आपूर्ति मंत्री श्री पुन्नूलाल मोहले ने भी बिलासपुर जिले के खारंग (खूंटाघाट) सिंचाई जलाशय के गहरीकरण के लिए विगत लगभग एक सप्ताह से चल रहे अभियान में कल शामिल होकर लगभग छह सौ ग्रामीणों के साथ श्रमदान किया। श्री मोहले ने इस महाअभियान के लिए पांच लाख रूपए के स्वेच्छानुदान की घोषणा की और कहा कि यदि जिले के खुड़िया जलाशय के गहरीकरण के लिए भी श्रमदान शुरू होगा तो वे वहां भी पांच लाख रूपए का स्वेच्छानुदान देंगे। विधायक डॉ. कृष्णमूर्ति बांधी और कलेक्टर श्री सोनमणि बोरा भी इस अवसर पर उपस्थित थे। खारंग (खूंटाघाट) जलाशय में सामूहिक श्रमदान के जरिए गहरीकरण का काम पिछले एक सप्ताह से चल रहा है। महा अभियान के तहत इस जलाशय में कल बाईस मई तक 22 हजार घन मीटर सिल्ट निकाला जा चुका था।
इस बीच गृह मंत्री श्री कंवर ने कोरिया जिले के तीनों गांवों में श्रमदान कार्यक्रम में लोगों को सम्बोधित करते हुए कहा कि विभिन्न कारणों से जमीन के नीचे पानी का स्तर तेजी से घटता जा रहा है। इसके फलस्वरूप पेयजल और निस्तारी सुविधा के लिए अनेक क्षेत्रों में लोगों को काफी दिक्कत होने लगी है। इसे ध्यान में रखकर मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व में राज्य सरकार ने भू-जल संरक्षण और संवर्धन के लिए एक माह का विशेष अभियान शुरू किया है। इस अभियान के तहत तालाबों के निर्माण, गहरीकरण, कुंआ निर्माण आदि से संबंधित कार्य सभी लोगों के सहयोग से किए जा रहे हैं। श्री कंवर ने कहा कि यह पुण्य का कार्य है। पानी रोकने के लिए ऐसे निर्माण कार्यों से भू-जल स्तर में वृध्दि होती है। श्री कंवर ने गर्मी के मौसम को देखते हुए तालाब निर्माण और गहरीकरण का कार्य सवेरे और शाम को करने की सलाह दी। इन कार्यक्रमों में संसदीय सचिव श्री भईयालाल राजवाड़े ने भी अपने विचार व्यक्त किए। कलेक्टर श्रीमती रितु सेन सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी भी इस अवसर पर उपस्थित थे।

