पंचायत मंत्री ने किया राज्य के प्रथम एक्वेरियम का लोकार्पण
रायपुर, 05 जून 2011
पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री रामविचार नेताम ने कल धमतरी विकासखण्ड के ग्राम-देमार के संजय गांधी फिश हेचरी में मत्स्य गंगा फिश एक्वेरियम का लोकार्पण किया। इस अवसर पर आयोजित समारोह को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि राज्य का यह पहला फिश एक्वेरियम है, जो महिला
स्व-सहायता समूह के द्वारा संचालित होगा और यह बच्चों के मनोरंजन और ज्ञानवर्धन का साधन भी होगा। प्रदेश के लिए यह एक अच्छा उदाहरण है, इसका अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार किया जाना चाहिए। पुराने हेचरी को नया रूप देकर जिला प्रशासन द्वारा अच्छा कार्य किया गया है, इसे और बेहतर बनाने का प्रयास किया जावे।
उल्लेखनीय है कि संजय गांधी फिश हेचरी देमार की स्थापना 1985 में विश्व बैंक की सहायता से हुई थी। 90 एकड़ क्षेत्रफल में फैला इस हेचरी में 32 तालाब हैं, जिसका कुल जलक्षेत्र 25 हेक्टेयर है। यह छत्तीसगढ़ राज्य सहकारी मत्स्य महासंघ द्वारा संचालित हो रहा है। यहाँ पर रोहू, कतला, मृगल, कामनकार्प, ग्रासकार्प इत्यादि प्रजाति के मछलियों का बीज उत्पादन होता है। इससे धमतरी जिले एवं जिले के आस-पास के जिले तथा प्रदेश और प्रदेश के बाहर के किसान मत्स्य बीज क्रय कर लाभान्वित होते हैं। इस वर्ष भी मत्स्य बीज उत्पादन के लिए सभी तैयारियाँ पूर्ण कर ली गईं हैं तथा वर्षा ऋतु के प्रारम्भ होते ही मत्स्य बीज उत्पादन का कार्य शुरू हो जाएगा। इस फिश हेचरी में जिला प्रशासन द्वारा 5 लाख रूपये की लागत से मत्स्य गंगा एक्वेरियम का निर्माण किया गया है। इस एक्वेरियम में गोल्ड फिश, मौली, विडोटेट्रा, डेनियोज, ओरेण्डा गोण्ड, जेब्रा, शुभंनकिन, रसबोरा, गौरामी, स्वार्डटेल, ब्लेक शार्क, किसिंग, ब्लेकमूर, आस्कर, कोईकार्प, एंजल, गप्पी, ट्रेटा, डिस्कस, प्लेटी तथा टायगर बार्ब इत्यादि लगभग 22 प्रजाति की मछलियाँ उपलब्ध हैं। इनमें कुछ प्रजाति की मछलियाँ बच्चे देतीं हैं तथा कुछ प्रजाति की मछलियाँ अण्डे देती हैं। इस एक्वेरियम का संचालन महालक्ष्मी स्व-सहायता समूह बगौद के द्वारा किया जाएगा।

