इंदिरा आवास योजना : छत्तीसगढ़ में 37 हजार से अधिक आवासविहीन परिवारों को मिलेंगे मकान
रायपुर 27 जुलाई 2011
इंदिरा आवास योजना के तहत छत्त्तीसगढ के ग्रामीण क्षेत्रों में चालू वित्तीय वर्ष 2011-12 के दौरान 37 हजार 466 मकान निर्मित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। आवास निर्माण के लिए 174 करोड़ 77 लाख रूपए उपलब्ध कराए जाएंगे। इसमें 131 करोड़ 07 लाख 75 हजार रूपए केन्द्रांश और 43 करोड़ 69 लाख रूपए का राज्यांश होगा।
पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग के अधिकारियों ने आज यहां बताया कि इंदिरा आवास योजना के तहत गरीबी रेखा श्रेणी के आवासविहीन परिवारों को मकान निर्माण के लिए सामान्य क्षेत्र में 45 हजार रूपए और नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में 48 हजार 500 रूपए की सहायता दो किश्तों में बैंक के माध्यम से प्रदान की जाती है। इसके अलावा अपने मकान को और अच्छी तरह बनाने के लिए 20 हजार रूपए का बैंक ऋण 4 प्रतिशत वार्षिक व्याज की दर से उपलब्ध कराने का प्रावधान भी है।
इंदिरा आवास योजना के तहत सरगुजा में सबसे अधिक चार हजार 628 मकान निर्माण का लक्ष्य है। इसके बाद बिलासपुर जिले में तीन हजार 808, रायपुर जिले में तीन हजार 813, दक्षिण बस्तर (दंतेवाड़ा) जिले में तीन हजार 510, रायगढ़ जिले में तीन हजार 367 और बस्तर जिले में तीन हजार 166 आवासहीन परिवारों को मकान निर्माण के लिए आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने का लक्ष्य है। जांजगीर-चांपा जिले में दो हजार 724, दुर्ग जिले में दो हजार 422, राजनांदगांव जिले में एक हजार 628, महासमुंद जिले में एक हजार 624, जशपुर जिले में एक हजार 600, कोरबा जिले में एक हजार 265, कोरिया जिले में एक हजार 94, कबीरधाम जिले में एक हजार 15, उत्तर बस्तर (कांकेर) जिले में एक हजार 10 और धमतरी जिले में 792 आवास निर्माण का लक्ष्य है।
उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ के 15 जिलों (जांजगीर-चांपा, नारायणपुर एवं बीजापुर जिलों को छोड़कर) को गरीबी रेखा श्रेणी के हितग्राहियों को मकान निर्माण हेतु सहायता प्रदान करने 49 करोड़ 37 लाख 18 हजार रूपए की प्रथम किश्त आवंटित की जा चुकी हैं।

