महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना
समस्त जानकारी ऑनलाईन होगी
रायपुर 30 अप्रैल 2010
छत्तीसगढ़ में भी महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत समस्त जानकारियों को योजना की वेबसाईट www.nrega.nic.in (डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू डॉट एनआरईजीए डॉट एनआईसी डॉट आईएन) पर उपलब्ध साफ्टवेयर की एम.आई.एस. (मॉनिटरिंग इन्फरमेशन सिस्टम) में ऑनलाईन दर्ज किया जाएगा। आयुक्त (महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना) छत्तीसगढ़ ने इस संबंध में सभी जिला कलेक्टरों और जिला पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को परिपत्र जारी कर केन्द्र सरकार द्वारा निर्धारित निगरानी सूचना प्रणाली (मॉनिटरिंग इन्फरमेशन सिस्टम) के सभी मॉडयूल्स पर एक अप्रैल 2010 से पूर्णत रिपोर्टिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। परिपत्र में कहा गया है कि केन्द्र सरकार द्वारा निगरानी सूचना प्रणाली में सभी जानकारी पूर्णत कार्यशील होने के आधार पर ही राशि जारी की जाएगी अत: इस कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता दें।
परिपत्र में जिला कलेक्टरों और जिला पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को केन्द्र सरकार द्वारा निगरानी सूचना प्रणाली पर जांब कार्ड्स, कार्य मॉडयूल, मस्टर रोल एवं माप-पुस्तिका, मजदूरी सूची, लेबर बजट और अन्य विषयों पर त्वरित कार्रवाई के करने कहा गया है। जांब कार्ड्स के संबंध में निगरानी सूचना प्रणाली (मॉनिटरिंग इन्फरमेशन सिस्टम) पर उपलब्ध सभी जॉबकार्ड में फोटो, कार्य की मांग करने वाले सभी मजदूरों के बैंक और डाकघर के खाता नम्बर, पंजीकृत मजदूरों में से गरीबी रेखा श्रेणी, लघु और सीमांत किसानों की जानकारी अद्यतन कर ली जाए। कार्य मॉडयूल में सभी कार्यो का सर्वे नंबर, खाता नंबर और प्लॉट नम्बर होना चाहिए। कार्यो की तकनीकी स्वीकृति में सभी गतिविधियों से संबंधित जानकारी मात्रा एवं धनराशि सहित दर्ज की जानी चाहिए। इसके साथ ही कार्य में उपयोग होने वाली सभी प्रकार की सामग्री की जानकारी मात्रा और धनराशि सहित होनी चाहिए। परिपत्र में मस्टर रोल और माप-पुस्तिका के संबंध में कहा गया है कि ई-मस्टर रोल निगरानी सूचना प्रणाली (एम.आई.एस.) के माध्यम से निकाला जाए और इसी का उपयोग कार्यस्थल पर उपस्थिक पत्रक के रूप में किया जाए। प्रत्येक मस्टर रोल के साथ माप-पुस्तिका भरी जाए। मजदूरी सूची भी निगरानी सूचना प्रणाली (एम.आई.एस.) के माध्यम से तैयार की जाए, जिसे भुगतान के लिए बैंक और डाकधर शाखाओं को प्रेषित किया जाए। लेबर बजट की महावार जानकारी निगरानी सूचना प्रणाली (एम.आई.एस.) पर उपलब्ध प्रपत्रों में दर्ज करना सुनिश्चित किया जाए। वित्तीय वर्ष 2010-11 से निगरानी सूचना प्रणाली (एम.आई.एस.) में जानकारी दर्ज करने के लिए फास्ट ट्रेक सिस्टम का उपयोग नहीं किया जाए। वर्ष 2009-10 की शेष समस्त जानकारियां 30 अप्रैल तक दर्ज कर ली जाए। परिपत्र में बताया गया है कि फास्ट टे्रक सिस्टम भी एक मई 2010 से बंद किया जा रहा है। ऑफ लाईन मोड पर कार्य करने वाले सभी स्थानों पर नवीन 5.0 वर्सन डाउनलोड कर उपयोग किया जाए।

