पंचायत राज संस्थाओं को तेरहवें वित्त आयोग की अनुशंसा पर 84.34 करोड़ की द्वितीय किश्त आवंटित
रायपुर, 06 अप्रैल 2011
तेरहवें वित्त आयोग की अनुशंसा पर छत्तीसगढ़ में पंचायत राज संस्थाओं को वर्ष 2010-11 में अधोसंरचना कार्य के लिए 84 करोड़ 34 लाख रूपए की द्वितीय किश्त का आवंटन जारी कर दिया है। पंचायत और समाज सेवा संचालनालय के अधिकारियों ने आज यहां बताया कि जिला पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को यह राशि जारी कर दी गयी है। इसमें से 75 करोड़ 90 लाख रूपए का सामान्य अनुदान और आठ करोड़ 44 लाख रूपए का विशेष मूल अनुदान शामिल है। जिलों को आवंटित राशि में जिला पंचायत स्तर पर 10 प्रतिशत, जनपद पंचायत स्तर पर 20 प्रतिशत और ग्राम पंचायत स्तर पर 70 प्रतिशत राशि आवंटित की है। उल्लेखनीय है कि तेरहवें वित्त आयोग की अनुशंसा पर पंचायती राज संस्थाओं को 86 करोड़ 21 लाख रूपए के प्रथम किश्त आवंटित की गई थी। इसमें 77 करोड़ 77 लाख रूपए का सामान्य अनुदान और आठ करोड़ 44 लाख रूपए का विशेष क्षेत्र मूल अनुदान दिया गया था।
पंचायत और समाज सेवा संचालनालय द्वारा इस माह की चार तारीख को जारी परिपत्र में जिला पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि तेरहवें वित्त आयोग की अनुशंसा पर पंचायत स्तर पर आवंटित राशि पांच दिवस में संबंधित पंचायतों के खातों में हस्तांतरित करते हुए इसका प्रमाण-पत्र संचालनालय को प्रस्तुत करें। जिन पंचायतों के खाते कोर बैंकिंग से नहीं जुड़ है, वहां यह धनराशि अधिकतम दस दिवस के भीतर पंचायतों के खाते में अनिवार्य रूप से जमा करा दी जाए। विलम्ब की दशा में इस पर ब्याज के भुगतान के लिए संबंधित जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी उत्तरदायी होंगे। जिला पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि राशि का उपयोग राज्य स्तरीय उच्च सशक्त समिति द्वारा अनुमोदित कार्य योजना के अनुसार किया जाए। आवंटित धनराशि का वितरण जनपद पंचायत और ग्राम पंचायतों को निर्धारित समयावधि में करने का प्रमाण पत्र 15 अप्रैल तक संचालनालय, पंचायत और समाज सेवा कार्यालय को अनिवार्यत: भेज दिया जाए।
अधिकारियों ने बताया कि प्रदेश की पंचायती राज संस्थाओं को आवंटित की गई द्वितीय किश्त की राशि में से रायपुर जिले को दस करोड़ चार लाख 35 हजार रूपए, सरगुजा जिले को नौ करोड़ 82 लाख 20 हजार रूपए, बिलासपुर जिले को सात करोड़ 42 लाख रूपए, दुर्ग जिले को आठ करोड़ 39 लाख 80 हजार रूपए, जांजगीर-चांपा जिले को पांच करोड़ 33 लाख 60 हजार रूपए, रायगढ़ जिले को पांच करोड़ 62 लाख 20 हजार रूपए, जशपुर जिले को तीन करोड़ 89 लाख 05 हजार रूपए, कोरबा जिले को तीन करोड़ 50 लाख 75 हजार रूपए, राजनांदगांव जिले को पांच करोड़ 26 लाख 80 हजार रूपए, कबीरधाम जिले को दो करोड़ 45 लाख 80 हजार रूपए, महासमुंद जिले को तीन करोड़ 48 लाख 50 हजार रूपए, धमतरी जिले को तीन करोड़ छह लाख रूपए, उत्तर बस्तर (कांकेर) जिले को तीन करोड़ 32 लाख 90 हजार रूपए और कोरिया जिले को दो करोड़ 22 लाख 80 हजार रूपए की द्वितीय किश्त आवंटित की गई है।

