लियेंडर पेस ने राज्यपाल से मुलाकात की लगभग दो दशक बाद फिर शुरू हुआ गोंडवाना कप राष्ट्रीय टेनिस टूर्नामेंट:मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने किया शुभारंभ मंत्रिपरिषद की बैठक : छत्तीसगढ़ में गौ हत्या पर अब और अधिक कठोर कारावास हीरानार नल-जल योजना के लिए 19.42 लाख रूपए स्वीकृत ग्राम कुथुर के लिए नल-जल योजना स्वीकृत उर्दू अकादमी में अध्यक्ष-उपाध्यक्ष सहित सदस्यों का मनोनयन मुख्यमंत्री ग्राम उत्कर्ष योजना : अब तक 153.40 करोड़ की लागत के सात हजार से ज्यादा विकास कार्य पूर्ण सक्षम योजना : राज्य की 284 महिलाओं को स्वरोजगार के लिए मिला 1.62 करोड़ रूपए का ऋण ग्राम पंचायतें अब दस लाख रूपये तक के निर्माण कार्य कर सकेंगे कमरौद स्कूल का नामकरण अहिल्या बाई त्रेतानाथ के नाम पर गलफुल्ला और चनान नदी पर बनेंगे उच्च स्तरीय पुल मुख्यमंत्री से मध्यप्रदेश के कृषि मंत्री श्री बिसेन की सौजन्य मुलाकात मुख्यमंत्री से अभनपुर नगर पंचायत के प्रतिनिधि मण्डल की मुलाकात श्री केदार कश्यप से पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य श्री शिव चन्द्राकर ने सौजन्य मुलाकात की उपार्जन केन्द्रों में तेजी से हो रही धान की आवक श्रम मंत्री श्री साहू की अध्यक्षता में असंगठित श्री केदार कश्यप के नेतृत्व में प्रतिनिधि मंडल नई दिल्ली प्रवास पर आज करेंगे केंद्रीय जनजातीय कार्य मंत्री से मुलाकात कृषि मंत्री श्री साहू ने किया खारून नदी पर एनीकट सह रपटे का भूमिपूजन राज्यपाल से सीमा सुरक्षा बल के महानिदेशक ने सौजन्य मुलाकात की मुख्यमंत्री के समक्ष जलग्रहण क्षेत्र प्रबंधन पर प्रस्तुतिकरण मुख्यमंत्री से सीमा सुरक्षा बल के महानिदेशक ने सौजन्य मुलाकात की

Personal tools
You are here: Home समाचार महिला एवं बाल विकास/खेल सबला योजना: पौष्टिक आहार के साथ किशोरियों को मिलेगा स्वास्थ्य, सफाई और गृह प्रबंधन का प्रशिक्षण

सबला योजना: पौष्टिक आहार के साथ किशोरियों को मिलेगा स्वास्थ्य, सफाई और गृह प्रबंधन का प्रशिक्षण

What
When Jul 12, 2011
from 02:10 PM to 02:10 PM
Add event to calendar vCal
iCal

    रायपुर 12 जुलाई 2011

किशोरी बालिकाओं को स्वस्थ और सशक्त बनाने के लिए समन्वित बाल विकास परियोजना के तहत प्रदेश के पांच जिलों- रायपुर, राजनांदगांव, रायगढ़, बस्तर, और सरगुजा में राजीव गांधी किशोरी सशक्तिकरण योजना-सबला प्रारंभ की जा रही है। इसके लिए इन पांच जिलों में बेसलाइन सर्वे कराया जा चुका है। सर्वे के अनुसार योजना में इन जिलों की तीन लाख 50 हजार से अधिक बालिकाएं लाभान्वित होंगी। योजना के तहत 11-18 वर्ष की चिन्हांकित किशोरी बालिकाओं को आंगनबाड़ी केन्द्रों के माध्यम से पोषण आहार प्रदान करने के साथ ही स्वास्थ्य, पोषण, गृह प्रबंधन, बच्चों की देखभाल तथा महिलाओं से जुड़े विषयों पर आवश्यक प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि किशोरी बालिकाएं भविष्य में सुपोषित माताएं बने ।
    महिला और बाल विकास विभाग के अधिकारियों ने आज यहां बताया कि योजना के तहत 11-14 वर्ष की शाला त्यागी बालिकाओं और 14 से 18 वर्ष की सभी किशोरी बालिकाओं को आंगनबाड़ी केन्द्रों में पौष्टिक पूरक पोषण आहार प्रदान किया जाएगा। इसके अलावा इन केन्द्रों में उन्हें स्वास्थ्य, पोषण, गृह प्रबंधन, किशोरी प्रजनन, यौन स्वास्थ्य शिक्षा और जीवन कौशल प्रशिक्षण के साथ ही रोजगार मूलक प्रशिक्षण भी दिया जाएगा।उन्होंने बताया कि किशोरियों में आत्म विकास, उनके सशक्तिकरण,पोषण और स्वास्थ्य स्तर में सुधार करना, स्वास्थ्य,सफाई,पोषण,किशोरी प्रजनन,यौन स्वास्थ्य, परिवार और बाल देखरेख के विषय में जागरूकता बढ़ाना आदि इस योजना के मुख्य उद्देश्य हैं। योजना के तहत आंगनबाड़ी केन्द्र आने वाली 11-14 वर्ष की पढ़ाई छोड़ चुकी किशोरियों तथा 14 से 18 वर्ष की सभी बालिकाओं को घर ले जाने के लिए पूरक पोषण आहार प्रदान किया जाएगा। प्रत्येक किशोरी को वर्ष में 300 दिन कम से कम 600 कैलोरी और 18-20 ग्राम प्रोटीन तथा सूक्ष्म पोषक तत्व प्रदान किया जाएगा। आंगनबाड़ी केन्द्रों में हर तीन माह में किसी विशेष दिन को किशोरी दिवस के रूप में मनाया जाएगा। किशोरी दिवस के दिन चिकित्सा अधिकारियों और ए.एन.एम द्वारा किशोरियों की सामान्य स्वास्थ्य जांच की जाएगी तथा आवश्यकता अनुसार उन्हें आयरन फॉलिक एसिड की गोलियां और कृमि निवारण गोलियां वितरित की जाएगी। इस दिन किशोरियों की लम्बाई और वजन का माप किया जाएगा। प्रत्येक बालिका के लिए किशोरी कार्ड तैयार किया जाएगा और प्रमुख मानकों को चिन्हित कर रखा जाएगा।

क्रमांक-1663/सुनीता




« May 2012 »
May
MoTuWeThFrSaSu
123456
78910111213
14151617181920
21222324252627
28293031