सिंचाई के लिए नहरों में छोड़ा जा रहा है पानी-जल संसाधन मंत्री श्री यादव
रायपुर 19 अगस्त 2010
जल संसाधन मंत्री श्री हेमचंद यादव ने किसानों की चिंता को गंभीरता से लेते हुए विभागीय अधिकारियों को सिंचाई के लिए जलाशयों से नहरों में पानी छोड़ने के निर्देश दए हैं। उनके निर्देशों के अनुरूप आज अधिकांश जलाशयों से नहरों में पानी छोड़ा गया। श्री यादव ने आज यहां बताया कि प्रदेश के प्रमुख सिंचाई जलाशयों में जल भराव की स्थिति अच्छी है। रविशंकर (गंगरेल बांध) में 86.14 प्रतिशत पानी भर चुका है। राज्य के सबसे बड़े जलाशय मिनीमाता (बांगो बाध) में लगभग 47 प्रतिशत जल भराव हुआ है, जो कम है फिर भी किसानों को प्राथमिकता देते हुए शत-प्रतिशत किसानों को इस जलाशय से सिंचाई के लिए पानी दिया जाएगा।
श्री यादव ने बताया कि मिनीमाता-बांगो बाध से 148.75 घनमीटर और गंगरेल बांध से 19.23 घनमीटर पानी प्रति सेकेन्ड नहरों में छोड़ा जा रहा है। उन्होंने बताया कि रायपुर जिले के सिकासार जलाशय से 41.39 घनमीटर, धमतरी जिले के सोंढूर जलाशय से 12.770 घनमीटर, महासमुंद जिले के कोडार जलाशय से 11.70 घनमीटर और केशवा जलाशय से 1.41 घनमीटर, बिलासपुर जिले के मनियानी जलाशय से 5.665 घनमीटर और घोंघा जलाशय से 2.83 घनमीटर पानी, सरगुजा जिले के श्याम (घुनघुट्टा) जलाशय से 3.718 घनमीटर, कुवंरपुर जलाशय से 1.51 घनमीटर, बंकी जलाशय से 0.27 घनमीटर एवं बरनई जलाशय से 0.20 घनमीटर पानी नहरों में छोड़ा जा रहा है। इसी तरह कोरिया जिले के झुमका जलाशय से 1.00 घनमीटर और गेज जलाशय से 1.20 घनमीटर, कबीरधाम जिले के सरोदा जलाशय से 0.060 घनमीटर और बेहारखार जलाशय से 0.17 घनमीटर पानी नहरों में छोड़ा जा रहा है।
श्री यादव ने कहा है कि जिला जल उपयोगिता समितियों की शीघ्र बैठक लेकर जन प्रतिनिधियों की मांग के अनुरूप यथा संभव सभी जलाशयों से किसानों को सिंचाई के लिए पानी उपलब्ध कराया जाएगा। उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ के इकतालीस प्रमुख सिंचाई जलाशयों में कुल जल भराव क्षमता 6400.239 मिलियन घनमीटर के विरूध्द आज 19 अगस्त की स्थिति में इन जलाशयों में 3847.954 मिलियन घनमीटर पानी भरा है, जो कुल जल भराव का 60.12 प्रतिशत है।

