लियेंडर पेस ने राज्यपाल से मुलाकात की लगभग दो दशक बाद फिर शुरू हुआ गोंडवाना कप राष्ट्रीय टेनिस टूर्नामेंट:मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने किया शुभारंभ मंत्रिपरिषद की बैठक : छत्तीसगढ़ में गौ हत्या पर अब और अधिक कठोर कारावास हीरानार नल-जल योजना के लिए 19.42 लाख रूपए स्वीकृत ग्राम कुथुर के लिए नल-जल योजना स्वीकृत उर्दू अकादमी में अध्यक्ष-उपाध्यक्ष सहित सदस्यों का मनोनयन मुख्यमंत्री ग्राम उत्कर्ष योजना : अब तक 153.40 करोड़ की लागत के सात हजार से ज्यादा विकास कार्य पूर्ण सक्षम योजना : राज्य की 284 महिलाओं को स्वरोजगार के लिए मिला 1.62 करोड़ रूपए का ऋण ग्राम पंचायतें अब दस लाख रूपये तक के निर्माण कार्य कर सकेंगे कमरौद स्कूल का नामकरण अहिल्या बाई त्रेतानाथ के नाम पर गलफुल्ला और चनान नदी पर बनेंगे उच्च स्तरीय पुल मुख्यमंत्री से मध्यप्रदेश के कृषि मंत्री श्री बिसेन की सौजन्य मुलाकात मुख्यमंत्री से अभनपुर नगर पंचायत के प्रतिनिधि मण्डल की मुलाकात श्री केदार कश्यप से पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य श्री शिव चन्द्राकर ने सौजन्य मुलाकात की उपार्जन केन्द्रों में तेजी से हो रही धान की आवक श्रम मंत्री श्री साहू की अध्यक्षता में असंगठित श्री केदार कश्यप के नेतृत्व में प्रतिनिधि मंडल नई दिल्ली प्रवास पर आज करेंगे केंद्रीय जनजातीय कार्य मंत्री से मुलाकात कृषि मंत्री श्री साहू ने किया खारून नदी पर एनीकट सह रपटे का भूमिपूजन राज्यपाल से सीमा सुरक्षा बल के महानिदेशक ने सौजन्य मुलाकात की मुख्यमंत्री के समक्ष जलग्रहण क्षेत्र प्रबंधन पर प्रस्तुतिकरण मुख्यमंत्री से सीमा सुरक्षा बल के महानिदेशक ने सौजन्य मुलाकात की

Personal tools
You are here: Home समाचार जलसंसाधन श्री हेमचंद यादव के विभागों के लिए 2049 करोड़ की बजट अनुदान मांगें ध्वनि मत से पारित

श्री हेमचंद यादव के विभागों के लिए 2049 करोड़ की बजट अनुदान मांगें ध्वनि मत से पारित

What
When Mar 16, 2011
from 09:15 PM to 09:15 PM
Add event to calendar vCal
iCal

बिलासपुर में खुलेगा नया विश्वविद्यालय

महानदी के प्रस्तावित बैराजों से नब्बे प्रतिशत पानी पेयजल, निस्तारी और सिंचाई के लिए

रायपुर, 16 मार्च 2011

     गुरू घासी दास विश्वविद्यालय को वर्ष 2009 में केन्द्रीय विश्वविद्यालय घोषित किए जाने के बाद बिलासपुर में  आगामी वित्तीय वर्ष 2011-12 में छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा नये विश्वविद्यालय की स्थापना की जाएगी। महानदी में प्रस्तावित छह बैराजों के निर्माण के बाद उसके 90 प्रतिशत पानी का वितरण पेयजल, निस्तारी और सिंचाई सुविधा के लिए सर्वोच्च प्राथमिकता से किया जाएगा। इसके बाद केवल दस प्रतिशत पानी उद्योगों को दिया जाएगा।
    यह जानकारी आज यहां विधानसभा में उच्च शिक्षा, जल संसाधन, तकनीकी शिक्षा, जनशक्ति नियोजन और विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभागों के मंत्री श्री हेमचन्द यादव ने दी। श्री यादव द्वारा इन सभी विभागों से संबंधित आगामी वित्तीय वर्ष 2011-12 के लिए दो हजार 049 करोड़ 20 लाख 41 हजार रूपए की बजट अनुदान मांगे प्रस्तुत की गयी, जिन पर सदन में पक्ष-विपक्ष के सदस्यों द्वारा व्यापक विचार-विमर्श किया गया। इसके बाद ये अनुदान मांगे ध्वनि मत से पारित कर दी गयी। श्री यादव ने सदन को बताया कि रविशंकर सागर (गंगरेल बांध) के अतिरिक्त पानी को तान्दुला सिंचाई जलाशय में पहुंचाने के लिए लगभग साठ किलोमीटर लिंक नहर का निर्माण किया जाएगा। इसके लिए बजट में बीस करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है। श्री यादव द्वारा प्रस्तुत अनुदान मांगों में जल संसाधन एवं जल संसाधन विभाग से संबंधित कार्यों एवं परियोजनाओं के लिए एक हजार 483 करोड़ 88 लाख 11 हजार रूपए, उच्च शिक्षा विभाग के लिए 387 करोड़ 49 लाख 10 हजार रूपए, तकनीकी शिक्षा और जनशक्ति नियोजन विभाग के लिए 166 करोड़ 93 लाख 20 हजार रूपए और विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के लिए 10 करोड़ 90 लाख रूपए शामिल हैं।
    श्री यादव ने विधानसभा में सदस्यों को बताया कि आगामी वित्तीय वर्ष 2011-12 में जल संसाधन विभाग के बजट में नवीन योजनाओं के रूप में अरपा भैंसाझार वृह्द सिंचाई योजना के लिए 50 लाख रूपए का प्रावधान रखा गया है। इसके निर्माण से 25 हजार हेक्टेयर भूमि सिंचित की जा सकेगी। उन्होंने बताया कि कोसारटेडा जलाशय परियोजना के लिए 91 करोड़ 60 लाख रूपए का प्रवाधान रखा गया है। इस जलाशय की रूपाकिंत सिंचाई क्षमता 11 हजार 120 हेक्टेयर है, जिसके विरूध्द आठ हजार हेक्टेयर में सिंचाई क्षमता सृजित की जा चुकी है। श्री यादव ने बताया कि रायगढ़ जिले में केलो सिंचाई परियोजना का लगभग 62 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है। आगामी वित्तीय वर्ष 2011-12 के बजट में इसके लिए 150 करोड़ रूपए का प्रावधान रखा गया है। उन्होंने बताया कि सूखानाला बैराज, घुमरियानाला बैराज परियोजना, मोहड़ जलाश और प्रधानपाठ बैराज योजना का कार्य भी प्रगति पर है। श्री यादव ने बताया कि प्रदेष के विभिन्न नदी, नालों पर एनीकट की महत्वाकांक्षी योजना के अन्तर्गत 595 एनीकट स्वीकृत है, जिसमें 110 पूर्ण और 115 निर्माणाधीन है। शेष एनीकटों का निर्माण वर्ष 2013 तक पूर्ण करने का लक्ष्य है।
    श्री यादव ने सदन में बिलासपुर जिले के लोरमी विधानसभा क्षेत्र में पथरिया बैराज, लपटी  एनीकट और बरबसपुर व्यपवर्तन योजना के निर्माण की घोषणा की। उन्होंने बताया कि प्रदेश में कुल 50 इंजीनियरिंग कॉलेज और 20 पॉलीटेक्निक कॉलेज संचालित किए हो रहे है। प्रदेश में इंजीनियरिंग शिक्षा का औसत 97 प्रति लाख है जो राष्ट्रीय औसत से अधिक है। इंजीनियरिंग शिक्षा का राष्ट्रीय औसत प्रति लाख आबादी पर 68 है। श्री यादव ने बताया कि प्रदेश में औद्योगिक प्रशिक्षण केन्द्रों का भी विस्तार हुआ है। राज्य में अब तक सात रोजगार मेले आयोजित किए गए है, जिसमें 12 हजार युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराया गया।
    श्री यादव ने सदन को यह भी बताया कि रायपुर शहर को वर्ष 2040 तक पेयजल आपूर्ति के लिए अभनपुर विकासखण्ड के ग्राम दुलना में महानदी पर व्यपवर्तन योजना का निर्माण प्र्रगति पर है। इसकी पुनरीक्षित प्रशासकीय स्वीकृति 136 करोड़ 66 लाख रूपए है। इस योजना की रूपांकित सिंचाई क्षमता 10 हजार हेक्टेयर होगी। इसके निर्माण से रविशंकर जलाशय (गंगरेल बांध) में लगभग 1.96 टी.एम.सी पानी की बचत होगी, जिसका उपयोग रायपुर शहर मे वर्ष 2040 तक पेयजल उपलब्ध कराया जाएगा। इसके लिए आगामी वित्तीय वर्ष 2011-12 के बजट में 25 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है। श्री यादव ने यह भी बताया कि नया रायपुर परियोजना क्षेत्र में भी वर्ष 2040 तक की पेयजल की जरूरतों को ध्यान में रखकर महानदी पर ग्राम टीला तथा रावर में दो एनीकटों के निर्माण की स्वीकृति दी गई है। दोनों एनीकटों का निर्माण वर्ष 2013 तक पूर्ण करने का लक्ष्य है। टीला एनीकट की पुनरीक्षित प्रशासकीय स्वीकृति 72 करोड़ 45 लाख रूपए है। इसका निर्माण प्रगति पर है। आगामी वित्तीय वर्ष 2011-12 में इसके लिए 15 करोड़ रूपए का बजट प्रावधान किया गया है। उन्होंने सदन को बताया कि रावर एनीकट के लिए जनसंसाधन विभाग द्वार 51 करोड़ 22 लाख रूपए की प्रशासकीय स्वीकृति दी गई है। इसकी डायफ्राम दीवार का निर्माण प्रगति पर है।

« May 2012 »
May
MoTuWeThFrSaSu
123456
78910111213
14151617181920
21222324252627
28293031